प्रदेश के स्कूलों में तैनात 12 हजार से अधिक शिक्षकों का भविष्य दाव पर हैं। इन शिक्षकों की तैनाती बैक डोर एंट्री और आरएंडपी नियमों के विरुद्ध करने के आरोप हैं। इन्हीं आरोपों के मद्देनजर हिमाचल हाईकोर्ट में सुनवाई चल रही है। मामले की सुनवाई अंतिम चरणों में बताई जा रही है। इस मामले में 6 अक्तूबर को सुुनवाई होनी थी, लेकिन अवकाश होने के कारण अब 18 अक्तूबर को सरकार इस पर अपना पक्ष रखेगी।
इसके बाद कोर्ट अपना फैसला सुनाएगा। प्रदेश में इस वक्त 6945 पीटीए, 34 पैट और 2200 से अधिक शिक्षक पैरा शिक्षक तैनात हैं। इनका भविष्य कोर्ट के फैसले पर निर्भर करेगा। कोर्ट के फैसले के बाद ही सरकार उक्त शिक्षकों को नियमित करने के संबंध में नीति निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ा सकती है।