कांग्रेस नेता आचार्य प्रमोद, जयराम रमेश।
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पिछले कुछ समय से राजस्थान की सियासत पर बयान देकर सुर्खियों में आ रहे कांग्रेस नेता आचार्य प्रमोद कृष्णम के ट्वीट से नया विवाद खड़ा हो गया है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश और आचार्य प्रमोद इसे लेकर आमने-सामने आ गए हैं। दोनों का ट्वीट युद्ध शुरू हो गया है। आचार्य प्रमोद ने उदयपुर के मामले में राजस्थान के मुख्यमंत्री को राजधर्म की नसीहत दी गई थी। जो जयराम रमेश को पसंद नहीं आई।
आचार्य प्रमोद ने बुधवार को ट्वीट किया था कि 'धमकी मिलने के बावजूद भी कन्हैया को सुरक्षा उपलब्ध क्यों नहीं कराई? हत्यारों के साथ-साथ पुलिस प्रशासन भी बराबर का दोषी है। SSP DIG के खिलाफ अभी तक कार्रवाई क्यों नहीं की गई?', इस पर कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने ट्वीट किया, 'दूसरी बार लक्ष्मण रेखा पार करने से पहले एक बार तो सोचना चाहिए था, जो आपने लिखा है वो वैसे भी तथ्यों से बहुत परे है।'
आचार्य प्रमोद ने इसके जवाब में लिखा कि 'कन्हैया के लिए आवाज़ उठाना राष्ट्रधर्म है प्रभु। राष्ट्रधर्म का निर्वहन करने से किसी को रोकने की चेष्टा "राष्ट्र द्रोह" कहलाता है।
इससे पहले भी विवादित ट्वीट कर चुके हैं आचार्य प्रमोद
कुछ दिन पहले महाराष्ट्र के राजनीतिक संकट पर आचार्य प्रमोद ने कुछ लिखा था। इस पर जयराम रमेश ने कहा था कि इस बात का कांग्रेस से कोई ताल्लुक नहीं है। आचार्य प्रमोद के विचार पार्टी के नहीं है। आचार्य प्रमोद को प्रियंका गांधी का करीबी माना जाता है और राजस्थान की कांग्रेस नेता सचिन पायलट के कट्टर समर्थकों में वे आते हैं। कुछ दिन पहले उन्होंने राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को बढ़ती उम्र की वजह से रिटायर होने की सलाह दी थी। ताकि युवा नेताओं को मौका मिल सके। इसे लेकर भी खूब बातें बनी थी।