कांग्रेस ने हर विधानसभा के उम्मीदवारों के नाम के पैनल तैयार करने की ऐसी खानापूर्ति की कि नेता ही नाराज हो गए। राजस्थान की 200 विधानसभा सीटों पर 4,000 उम्मीदवारों का साक्षात्कार केवल दो दिनों में लेना था।
संभागवार हो रहे साक्षात्कार में नेता का नाम और विधानसभा क्षेत्र पूछकर ही रवाना कर दिया गया। जब नेताओं ने नाराजगी दिखाई तो प्रदेश चुनाव समिति की उप समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि भीड़ बहुत है, अगर बातचीत की तो कई दिन और रातें निकल जाएंगी।
राजस्थान में कांग्रेस की ओर से आयोजित टिकट के लिए साक्षात्कार काफी चर्चा में है। उम्मीदवारों को साक्षात्कार के लिए एक मिनट भी नहीं मिल रहा, वहीं कुछ पुराने नेताओं को दो से पांच मिनट तक मिले।
उम्मीदवारों में कैबिनेट मंत्री, राज्य मंत्री समेत कई विधायक शामिल हुए, जो साक्षात्कार देने पहुंचे।
नए नेताओं ने किए पुरानों से सवाल
साल भर पहले कांग्रेस में आए युवा नेता मुकेश भाकर ने 30 साल से पार्टी में काम कर रहे और कई चुनाव जीत चुके नेताओं से उनकी जीत के समीकरणों के बारे में पूछा।
तीन साल पहले कांग्रेस में आए युवा नेता अशोक चांदना ने जोधपुर संभाग के वरिष्ठ नेताओं से उनकी जीत की संभावनाओं और टिकट देने के कारणों पर सवाल पूछे।
आलाकमान करेगा टिकट तय
इस उप समिति के संयोजक शांति धारीवाल ने कहा कि उप समिति हर विधानसभा सीट से तीन-तीन उम्मीदवारों का पैनल भेजेगी, जिस पर अंतिम मुहर आलाकमान की ओर से ही लगेगी।