झुंझुनू जिले के ढिघाल पीएचसी में करीब दो महीने पहले नौ महीने के एक बच्चे को मीजल्स का टीका लगाया गया था। इसके बाद से बच्चे की तबीयत लगातार खराब होती रही और उसके बाद बच्चे के हाथ पर बड़ा घाव हो गया। लगातार इलाज के बाद भी तबीयत में कोई सुधार नहीं होने पर बच्चे के चाचा राकेश मीणा ने कलेक्टर व सीएमएचओ से शिकायत की। जिला कलेक्टर ने जल्द ही कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
बच्चे के चाचा राकेश मीणा ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि करीब 2 महीने पहले उसने भतीजे उत्कर्ष को ढिघाल पीएससी पर मीजल्स का टीका लगवाया था। धीरे-धीरे टीके वाली जगह पर घाव गहरा होने लगा। शुरुआत में लगा की घाव ठीक हो जाएगा, लेकिन वह बढ़ता ही गया और उस जगह मवाद भरनी शुरू हो गई। इस संबंध में बच्चे को दोबारा पीएचसी लेकर गए लेकिन पीएचसी प्रशासन ने चुप्पी साध ली। घाव अब इतना ज्यादा हो गया है कि यहां के डॉक्टरों ने हाथ खड़े कर दिए हैं। परिजन अब बच्चे को लेकर जयपुर जा रहे हैं।
पीड़ित बच्चे के चाचा राकेश ने बताया कि टीकाकरण के बाद बच्चे के बुखार नहीं आए इसके लिए दवा मांगी थी, लेकिन स्टाफ ने मल्टी विटामिन की सिरप दे दी। जो सिरप दी गई थी, वह भी 2 महीने पहले ही एक्सपायर हो चुकी थी। मामला सामने आने के बाद झुंझुनू सीएमएचओ ने कहा कि मेरे पास कलेक्टर से जांच के आदेश आए हैं, जांच के लिए टीम गठित कर दी गई है। मामले की जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।