राजस्थान में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं। चुनाव में अभी समय है, लेकिन उससे पहले ही प्रदेश की राजनीति में भूचाल मचा हुआ है। कांग्रेस के ही पूर्व मंत्री और पूर्व विधायक राजेंद्र सिंह गुढ़ा के आरोपों से सरकार की जबरदस्त किरकिरी हो रही है। गुढ़ा के आरोपों के सहारे बीजेपी भी गहलोत सरकार पर हमलावर है। इस पूरे बवाल में लाल डायरी का नाम बार-बार लिया जा रहा है।
राजेंद्र गुढ़ा की माने तो इस लाल डायरी में कई ऐसे राज लिखे हुए हैं, जिससे गहलोत सरकार आफत में आ सकती है। इसके अंदर कई ऐसे कारनामे दर्ज हैं, जो गहलोत सरकार के लिए मुसीबत साबित कर सकते हैं। सोमवार को जब गुढ़ा विधानसभा भवन के बाहर मीडिया से बात कर रहे थे, तब उन्होंने कहा कि विधानसभा के अंदर मुझसे लाल डायरी का आधा हिस्सा छीन लिया गया, लेकिन इसका आधा हिस्सा अभी भी मेरे पास है। उन्होंने कहा, इस हिस्से में गहलोत सरकार के सारे काले कारनामे दर्ज हैं, जो उन्होंने विधायकों को क्या दिया, राज्यसभा चुनाव में उन विधायकों को क्या दिया, किस-किस को प्रलोभन दिया, क्रिकेट के चुनाव में उन्होंने किस-किसको पैसे दिए, उसका खुलासा मैं आगे भी करूंगा।
'सरकार के मंत्रियों ने मिलकर उनकी पिटाई की'
गुढ़ा ने आरोप लगाया कि उनके साथ विधानसभा में मारपीट की गई। सरकार के मंत्रियों ने मिलकर उनकी पिटाई की है। मुझ पर 25-50 लोगों ने एक साथ हमला किया। मुझे लात-घूंसे मारकर जमीन पर पटक दिया, लेकिन मैं डरूंगा नहीं। बल्कि और भी मुखरता से आवाज उठाऊंगा। वहीं, इससे पहले झुंझुनूं में एक जनसभा के दौरान भी गुढ़ा ने सीएम अशोक गहलोत पर हमला करते हुए सनसनीखेज दावा किया था। उन्होंने कहा था, धर्मेंद्र राठौड़ के घर पर ईडी और इनकम टैक्स ने छापा मारा था। मैंने सीएम गहलोत के आदेश पर जहां रेड चल रही थी, वहां से लाल डायरी निकाल ली थी। अगर मैं लाल डायरी नहीं निकालता तो सीएम गहलोत जेल में होते।
बीजेपी ने भी बोला हमला
अब इस लाल डायरी को लेकर बीजेपी भी गहलोत सरकार पर हमलावर हो गई है। केंद्रीय मंत्री और जोधपुर से सांसद गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि मैं राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से पूछना चाहता हूं कि यह 'लाल डायरी' क्या है? इसे लेकर सरकार में बेचैनी और घबराहट क्यों है? उन्होंने कहा कि इस लाल डायरी का रहस्य पूरा राजस्थान जानना चाहता है।
डायरी को जलाने के लिए क्यों पूछते थे गहलोत
राजेंद्र गुढ़ा का कहना है कि जब उन्होंने धर्मेन्द्र राठौड़ के घर से डायरी लाने का टास्क पुरा किया था। तब मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने तारीफ करते हुए बधाई दी थी। इसके बाद गहलोत ने इस डायरी को जलाने के लिए कहा था। गुढ़ा का कहना है कि सीएम गहलोत कई बार उन्हें कॉल करके यह पूछते रहे हैं कि उस डायरी को जलाया या नहीं। गुढ़ा के इस दावे के बाद इस रहस्यमयी डायरी को लेकर उत्सुकता और बढ़ गई है। हर कोई यह जानना चाहता है कि आखिर इस डायरी में ऐसा क्या छिपा है, जिसके कारण गहलोत इस डायरी को नष्ट करना चाहते थे।