सचिन पायलट और राधा मोहनदास अग्रवाल
- फोटो : अमर उजाला
राजस्थान बीजेपी के प्रदेश प्रभारी राधा मोहनदास अग्रवाल ने एक बार फिर सचिन पायलट को आड़े हाथों लेते हुए कहा, अगर मुझे प्रदेश में कुछ भी हो जाता है तो इसकी संपूर्ण जिम्मेदारी सचिन पायलट के ऊपर होगी। बता दें कि पिछले तीन दिनों से राधा मोहनदास अग्रवाल कांग्रेस युवा मोर्चे के निशाने पर हैं। उनके अनुसार, प्रभारी अग्रवाल के द्वारा जवाहरलाल नेहरू, राजीव गांधी, राहुल गांधी और सचिन पायलट के ऊपर अमर्यादित टिप्पणी करने का आरोप है।
युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अभिमन्यु पूनिया ने एक प्रेस वार्ता के अंदर यह कहा था कि बीजेपी प्रदेश प्रभारी जहां भी जाएंगे, युवा कांग्रेस के लोग उनका विरोध करेंगे। युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को दिन में कांग्रेस वार रूम के बाहर, प्रभारी अग्रवाल का पुतला जलाया और उनके खिलाफ नारेबाजी की। इतना ही नहीं युवा कांग्रेस के कुछ कार्यकर्ताओं ने बीजेपी मुख्यालय पहुंचकर प्रभारी अग्रवाल के पोस्टर पर स्याही लगाई और मुर्दाबाद के नारे लगाकर अपना विरोध जताया।
कार्यकर्ताओं को माफ किया
बता दें कि प्रभारी अग्रवाल जब रात को उदयपुर पहुंचे तो उनकी गाड़ी के आगे आकर कांग्रेस युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं द्वारा स्याही फेंकी गई। साथ ही मुर्दाबाद के नारे लगाए गए और जब उन्हें वहां से हटाने का प्रयास किया गया तो वह गाड़ी के आगे ही बैठ गए। यह सब घटनाएं होने के बाद प्रदेश प्रभारी राधा मोहनदास अग्रवाल ने युवा मोर्चा कांग्रेस के सभी कार्यकर्ताओं को माफ कर दिया। उन्होंने कहा, वह अपना काम कर रहे हैं। वह भी एक राजनीतिक दल का हिस्सा हैं युवा हैं और इस देश के अंदर सबको अपनी बात रखने का अधिकार है।
पायलट की समस्या बढ़ जाएगी
प्रदेश प्रभारी ने यह भी कहा कि विरोध करने का भी एक तरीका होता है। अगर कल मेरी गाड़ी का कांच टूट जाता, मुझे लग जाता या युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के द्वारा कुछ ऐसा हो जाता, जिससे मुझे चोट लग जाती तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेता? प्रभारी अग्रवाल बोले, अगर मुझे कुछ भी होता है राजस्थान में तो उसकी संपूर्ण जिम्मेदारी सचिन पायलट की होगी और रही बात सचिन पायलट पर बयान देने की तो मैं चाहता हूं कि सचिन पायलट पर मैं अपना मुंह न खोलूं। क्योंकि मैं अगर मुंह खोला तो उनकी समस्याएं बढ़ जाएंगी। वह पहले से ही परेशान हैं अपनी पार्टी में पीड़ित हैं। इसलिए मैं उनसे यही कहूंगा कि वह पहले अपनी पार्टी में सब कुछ ठीक करें, फिर दूसरी पार्टियों से लड़ाई करें।