स्वागत समारोह में उपस्थित मुख्यमंत्री भजनलाल व अन्य।
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राइजिंग राजस्थान समिट से लौटने पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और उपमुख्यमंत्री प्रेम चंद्र बैरवा के सम्मान में जयपुर में भव्य समारोह आयोजित किया गया, लेकिन कार्यक्रम में भव्यता नजर नहीं आई।समारोह की तैयारियों को लेकर पूरी भाजपा इकाई दो दिन से मेहनत कर रही थी। पदाधिकारियों और विधायकों को भीड़ जुटाने का टारगेट भी दिया गया था। लगता है मानो स्वागत समारोह भाजपा की गुटबाजी की भेंट चढ़ गया। मुख्यमंत्री के स्वागत के लिए भीड़ जुटाने में भाजपा संगठन पूरी तरह विफल नजार आया। मुख्यमंत्री कार्यक्रम में तय समय से तीन घंटे देरी से पहुंचे और खाली कुर्सियां देख दंग रह गए।
जानकरी के अनुसार 20 हजार लोगों को बुलाया गया था, परंतु वास्तविकता इससे कोसों दूर थी। जयपुर के 7 विधायक और 1 सांसद मिलकर भी भीड़ का आंकड़ा सैंकड़ों से पार नहीं कर पाए। इतना ही नहीं इस कार्यक्रम में जयपुर के कई विधायक भी नहीं दिखाई दिए। हालांकि दीया कुमारी ने जयपुर एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री को पुष्प भेंटकर स्वागत किया था। भाजपा के संगठन के सभी प्रयास विफल नजर आए। उपस्थित लोग मुख्यमंत्री को देखने के लिए पहुंचे थे, परंतु कार्यक्रम किस कारण से किया जा रहा है, इसको लेकर असमंजस थे।
मुख्यमंत्री को समरोह में 12 बजे पहुचना था, परंतु दिल्ली में किसी बड़े नेता से मुलाकात के लिए समय मिलने का इंतजार करने के चलते दिल्ली से जयपुर आने में तीन घंटे का विलंब हुआ। भाजपा नेता उपस्थित लोगों को मानते हुए नजर आए।
खाली कुर्सियां देख हुए दंग
जयपुर पहुंचकर मुख्यमंत्री जब भाजपा कार्यालय पहुंचे तो खाली कुर्सियों को देखकर दंग रह गए। कार्यक्रम में पहुंचने से पहले भी दिल्ली एयरपोर्ट से भी जिम्मेदार अधिकारियों से भीड़ को लेकर जानकारी जुटाई गई थी। भीड़ लाने के लिए प्रदेश पदाधिकारियों को निर्देशित किया गया था, परंतु विधायकों की उदासीनता के चलते भीड़ एकत्र नहीं हो पाई। समारोह में मुख्यमंत्री ने संबोधन में अपनी यात्रा के संबंध में बताया की उद्योगपतियों से अच्छा सपोर्ट मिला है।