राजस्थान के जयपुर में बीमा पॉलिसी के 1.90 करोड़ रुपये लेने के लिए एक पति ने अपनी पत्नी की हत्या करा दी। सड़क हादसे के जरिए कराई गई इस हत्या में आरोपी पति के साले (पत्नी के भाई) की भी मौत हो गई थी। 5 अक्टूबर को की गई हत्या का खुलासा पुलिस ने 30 नवंबर को किया था। पुलिस ने आरोपी पति सहित हत्या में शामिल चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया था। इस दौरान आरोपी पति से की गई पूछताछ में कई खुलासे हुई हैं।
दरअसल, साल 2015 में शालू और महेश की शादी हुई थी। दो साल बाद 2017 में शालू ने एक बेटी को जन्म दिया। बेटी के जन्म के बाद से दोनों के रिश्ते खराब हो गए और वे अलग हो गए। इसके बाद शलू अपने पीहर में रह रही थी। पांच साल बाद महेश ने शालू से नजदीजियां फिर से बढ़ाना शुरू कर दिया। ऐसा उसने इसलिए किया क्योंकि वह शालू की सड़क हादसे में हत्या कराना चाहता था। जिससे उसे बीमा के 1.90 करोड़ रुपये मिल जाएं।
पुलिस पूछताछ में अरोपी महेश ने बताया कि एक दिन टीवी पर उसने बीमा का विज्ञापन देखा। टोल फ्री नंबर पर कॉल कर उसने पॉलिसी के बारे में जानकारी जुटाई। इस दौरान उसे पता चला कि सामान्य मौत पर एक करोड़ और हादसे में मौत होने पर एक करोड़ 90 लाख रुपये का बीमा मिलेगा। इसके बाद उसने पत्नी की सड़क हादसे में पत्नी की हत्या कराने की योजना बनाई।
पत्नी की ओर से 2019 में दर्ज कराए गए दहेज प्रताड़ना के केस में गिरफ्तारी से बचने और अपनी योजना को सफल बनाने के लिए उसने शालू मिलना और बात करना शुरू कर दिया। उसने जल्द ही वापस घर ले जाने की बात कहते हुए पत्नी का 1.90 करोड़ का बीमा भी करा दिया। इसके बाद उसने एक बदमाशा को 10 लाख रुपये में पत्नी की हत्या की सुपारी दी।
शर्त रखी की हत्या एक सड़क हादसा लगनी चाहिए। इसके लिए भी महेश ने एक योजना बनाई। उनसे मन्नत पूरी कराने के लिए पूजा-पाठ करने का बहाना बनाया और शालू को घर से बाहर भेजने लगा। शालू की हत्या कराने के लिए महेश ने बदमाशों को 5.50 लाख रुपये एडवांस दिए थे। इसके लिए उसने पत्नी के गहनों को गिरवीं और रिश्तेदारों से भी रुपये उधार लिए थे। बाकी साढ़े 4 लाख रुपए काम होने के बाद देने का वादा किया।
वारदात के दिन पांच अक्टूबर को शालू अपने बुआ के लड़के राजू के साथ बाइक पर भगवान बालाजी के दर्शन करने के लिए जा रही थी। इस दौरान हिस्ट्रीशीटर मुकेश ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर दोनों को टक्कर मार दी। हादसे में शालू की मौके पर ही मौत हो गई थी, राजू ने अस्पताल में दम तोड़ दिया था।
पुलिस ने इस मामले में मृतका शालू के पति महेश चंद्र, सुपारी लेने वाले मुकेश सिंह राठौड़, राकेश कुमार बैरवा और सोनू सिंह को गिरफ्तार किया गया है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने इससे पहले भी कई बार शालू को मारने की काशिश की थी। वह अल्टो कार से उसे टक्कर मारने चाहते थे, लेकिन फिर उन्हें लगा कि इससे वह बच न जाए। इसलिए उन्होंने प्रमोद नाम के युवक को भी अपने साथ शामिल कर लिया। पांच अक्टूबर को बदमाशों ने सफारी गाड़ी से शालू और राजू को टक्कर मार दी थी। पुलिस ने वारदात में शामिल चार आरोपियों को पकड़ लिया है। फरार चल रहे प्रमोद की तलाश की जा रही है।