केंद्रीय मंत्री शेखावत ने उज्बेकिस्तान के जल मंत्री को भेंट की किताब।
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ऑस्ट्रेलिया में 24वीं आईसीआईडी महासभा में केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने भारत का प्रतिनिधित्व किया। उन्होंने एडिलेड में नई तकनीक और समाधान के साथ जल के क्षेत्र में काम कर रही कंपनियों के सीईओ व प्रतिनिधियों से बेहतर भविष्य की दिशा में आगे बढ़ने को लेकर वार्ता की।
शेखावत ने बताया कि कैसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत में जल संरक्षण का अभियान जनआंदोलन में बदल गया है। शेखावत ने सभी को भारत में आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि पूरा प्रयास है कि दुनिया हमारे बदलाव की साक्षी और साझीदार बने।
केंद्रीय मंत्री शेखावत ने सऊदी अरब के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण पर भारत से उनकी परिस्थिति और सोच मिलती है। इस दौरान उन्होंने प्रतिनिधिमंडल के अधिकारियों से भूजल भंडारण से लेकर जल के सदुपयोग-पुनर्पयोग, गुणवत्ता और जल प्रबंधन में जनता की सीधी भागीदारी सहित आदि मुद्दों पर द्विपक्षीय सहयोग पर भी चर्चा की।
नदियों के कायाकल्प को लेकर चर्चा
केंद्रीय मंत्री शेखावत ने नदियों के कायाकल्प को लेकर ऑस्ट्रेलिया की पर्यावरण व जल मंत्री तान्या जॉन प्लिबरसेक से चर्चा की। दोनों के बीच मरे डार्लिंग नदी प्राधिकरण, नमामि गंगे अभियान, पानी के सदुपयोग की क्षमता, जल जीवन मिशन, निरंतर प्रभाव और पारिस्थितिकी तंत्र के अनुसार जल बहाव बनाए रखने आदि विषयों पर उद्देश्यपरक वार्ता हुई। शेखावत ने एडिलेड में 24वीं आईसीआईडी इंटरनेशनल कांग्रेस 'इरीगेशन ऑस्ट्रेलिया' द्वारा आयोजित प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया। यहां भारत का भी स्टॉल लगाया गया है। इस दौरान शेखावत ने उज्बेकिस्तान के जल संसाधन मंत्री शौकत खामारेव से मुलाकात कर उन्हें 'रोइंग डाउन द गंगा' किताब भी भेंट की।
नई पहचान गढ़ते भारत से प्रवासियों में उत्साह
केंद्रीय मंत्री शेखावत एडिलेड में प्रवासी भारतीयों से मिलन समारोह में भी शामिल हुए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में नई पहचान गढ़ते भारत से उनमें उत्साह है। शेखावत ने भारतवासियों को नए भारत के निर्माण की नीतियों से परिचित कराने का प्रयास किया और बताया कि कैसे भारत के आम जनजीवन में सुधार आ रहा है।