धरना खत्म कर खुशी मनाते स्थानीय लोग।
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दौसा जिले श्यामसिंहपुरा और द्वारपुरा के लोगों का 25 फरवरी से जारी अनिश्चितकालीन धरना अब समाप्त हो गया है। यहां के लोग जयपुर-दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस हाईवे पर इंटरचेंज कट की मांग को लेकर धरने पर बैठे थे। सांसद जसकौर मीणा और विधायक भागचंद टांकड़ा के प्रयास के बाद लोगों में खुशी का माहौल है। सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से ठोस आश्वासन मिलने के बाद आंदोलनकारी आंदोलन खत्म कर खुशियां मनाते हुए नजर आ रहे हैं।
बता दें कि देश का सबसे बड़ा दिल्ली-मुंबई-वडोदरा एक्सप्रेस हाईवे से जयपुर की कनेक्टिविटी के लिए 67 किलोमीटर एक्सप्रेस हाईवे को बढ़ाया गया है। इस हाईवे को जयपुर की तरफ बढ़ाया जा रहा था। और हालही मे निर्माण कार्य चल रहा था तो उस समय लोगों की जमीन जयपुर तक बनने जा रहे एक्सप्रेस हाईवे निर्माण के लिए एक्वायर की गई थी। उस सयम द्वारपुरा और श्याम सिंह पुरा के लोगों की मांग थी कि एक्सप्रेस हाईवे पर स्थानीय लोगों के लिए इंटरचेंज कट की व्यवस्था की जाए। उस समय तो लोगों को समय आश्वासन दे दिया गया था, लेकिन हुआ कुछ नहीं।
लोगों ने यहां की सांसद जसकौर पर आरोप लगाए कि जिस समय इस रोड की स्वीकृति हुई तब उनकी जमीन एक्वायर की गई। उस समय स्थानीय सांसद मीणा ने इनको आश्वासन दिया था कि उनके गांव के लिए इन्हें इंटरचेंज कट मिलेगा, लेकिन समय के साथ सांसद की बातें फीकी पड़ने लगीं और कट की उम्मीद भी कम होती चली गईं।
इसके बाद स्थानीय लोगों ने कट की मांग को लेकर बांदीकुई विधायक भागचंद टांकड़ा और दौसा सांसद जसकौर मीणा सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से मिले।
विधायक भागचंद टांकड़ा ने कहा कि मेरे विधानसभा के लोगों को इंटरचेंज कट मैं दिलवाऊंगा चाहे मुझे कुछ भी करना पड़े। उसके बाद दौसा सांसद जसकौर मीणा और पांच सदस्यीय डेलिगेशन जो आंदोलन कर रहे थे, उन्हें लेकर दिल्ली नितिन गडकरी के पास पहुंचे। वहां सड़क परिवहन मंत्री से ठोस आश्वासन के बाद आंदोलनकारी आंदोलन खत्म कर अब खुशियां मना रहे हैं।