भरतपुर में एक बार फिर से कृपाल जघीना गैंग के सदस्य गैंगवार करने की फिराक में थे। उससे पहले पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार लिया है। कृपाल जघीना गैंग के बदमाश कुलदीप जघीना गैंग के तीन लोगों को टारगेट कर रहे थे। इस वारदात को अंजाम देने वाला मास्टर माइंड कृपाल का भतीजा पंकज अजमेर जेल से ही तीन लोगों की रेकी करवा रहा था। इस गैंगवार की प्लानिंग में अभी तक 11 आरोपियों के नाम सामने आए हैं, जिसमें से पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इसके अलावा पहली बार अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल से मोबाइल और सिम बरामद किए गए हैं।
अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल से चल रही थी गैंगवार की प्लानिंग
एसपी मृदुल कच्छावा ने बताया कि हाल में भरतपुर साइबर सेल को पता लगा कि अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल में बंद कृपाल जघीना गैंग के लोग भरतपुर में गैंगवार की प्लानिंग कर रहे हैं। इसके बारे में जयपुर ATS से हमें कुछ इनपुट मिले थे। उसके आधार पर कोतवाली थाने में एक मामला दर्ज किया गया। जांच की गई। इस मामले में अभी तक पांच गिरफ्तारी की जा चुकी हैं। गैंगवार की प्लानिंग करने वाला मुख्य आरोपी पंकज जघीना, लोकेंद्र सहित हाई सिक्योरिटी जेल में मोबाइल उपलब्ध करवाने वाला आरोपी जहांगीर उर्फ डोरेमोन और दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इस मामले में अभी और भी नाम सामने आ रहे हैं। पुलिस अभी इस मामले को लेकर जांच कर रही है। अभी और भी आरोपी हैं। जो अजमेर जेल में बंद हैं। उनसे भी पूछताछ की जाएगी। पंकज को 13 दिन की पुलिस रिमांड ले ली गई है। पंकज की अभी और भी पुलिस रिमांड ली जाएगी।
पहली बार अजमेर जेल से मोबाइल और सिम बरामद
पहली बार ऐसा हुआ है कि अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल से पंकज और जहांगीर की निशानदेही पर मोबाइल और सिम बरामद किए गए हैं। हथियारों की व्यवस्था और रेकी करने वाला आरोपी रोहित हथैनी अभी फरार है। उसकी तलाश की जा रही है। इनके अलावा और भी बदमाश जो रेकी में शामिल थे, उन पर पुलिस नजर बनाए हुए हैं। उनकी तलाश की जा रही है। कुछ और भी स्थानीय लोगों के नाम पूछताछ में सामने आए हैं। जो दोनों गैंग से संबंध रखते हैं। कृपाल जघीना की गैंग क्षेत्र में अपना दबदबा बनाए रखने के लिए इस घटना को अंजाम देना चाहती थी।
दोनों में पहले भी हो चुकी है गैंगवार
गौरतलब है कि 4 सितंबर 2022 को रेलवे सलाहकार समिति के सदस्य कृपाल सिंह जघीना की हत्या कुलदीप ने अपनी गैंग के साथ मिलकर की थी। इसके बाद 12 जुलाई 2023 को भरतपुर के अमोली टोल प्लाजा पर रोडवेज बस से पुलिस अभिरक्षा में पेशी पर लाए जा रहे कुलदीप जघीना की कृपाल जघीना की गैंग ने अंधाधुंध फायरिंग कर हत्या कर दी। तब से दोनों गैंग के बदमाश जेल में बंद हैं। कृपाल जघीना का भतीजा पंकज अजमेर जेल में बंद है। वह अपने साथियों के साथ कुलदीप गैंग के लोगों की हत्या की साजिश बना रहा था। पंकज जेल से ही लोगों से संपर्क कर रहा था और कुलदीप के साथियों की रेकी करवा रहा था।