पटियाला। केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने कहा कि यह नकली किसान नेता हैं, जो एमएसपी की कानूनी गारंटी की मांग को लेकर किसानों को गुमराह कर रहे हैं, जबकि सच यह है कि किसानों की धान व गेहूं की फसलों का एक-एक दाना सरकार की ओर से मंडियों में से उठाया जा रहा है।
इस पर 70 हजार करोड़ का सालाना खर्च होता है। इसलिए किसान भाइयों से उनकी अपील है कि इन नकली किसान नेताओं की बातों में न आएं। पटियाला फेरी के मौके मीडिया से बात करते बिट्टू ने कहा कि आरोप लगाए जा रहे हैं कि केंद्र की शह पर हरियाणा सरकार ने रास्ते बंद करके किसानों को बाॅर्डरों पर रोक रखा है, लेकिन वह पूछना चाहते हैं कि अगर किसान ट्रैक्टर-ट्रालियों में किरपानें व असलहा रखकर आगे बढ़ना चाहेंगे, तो उन्हें रोका क्यों न जाए।
बिट्टू ने कहा कि किसान नेता कहते थे कि उनका आंदोलन राजनीति से दूर है, लेकिन हाल ही में किसान नेता संसद में आकर नेता विपक्ष राहुल गांधी से मिल कर गए हैं। बिट्टू ने आरोप लगाया कि कांग्रेस, आप, अकाली दल व किसान नेता सभी मिले हैं। सभी चाहते हैं कि भाजपा दोबारा से सत्ता में न आए, लेकिन ऐसा नहीं हो सका है।