डेराबस्सी। गांव मुबारकपुर में कच्चे मकान की छत गिर गई। उसके मलबे में दबकर एक युवक की मौत हो गई। हादसा सुबह करीब नौ बजे हुआ। लकड़ी के बालों से बनी छत को रोकने के लिए लगा लोहे का गार्डर टूटने से छत गिर गई और एक युवक उसके मलबे में दब गया। मलबे में दबने उसकी मौत हो गई। उसकी मौत के बाद गांव में मातम छा गया। मृतक की पहचान अनीश कुमार (17) के रूप में हुई है।
मिली जानकारी के मुताबिक अनीश कुमार घर में अकेला सो रहा था। उसके माता-पिता और भाई-बहन काम पर गए हुए थे। सुबह करीब साढ़े नौ बजे अचानक कच्चे मकान की छत गिर गई और अनीश मलबे में दब गया। छत गिरने की आवाज सुनकर लोग घरों से बाहर निकल आए। उन्होंने किसी तरह अनीश को मलबे से बाहर निकाला और डेराबस्सी के सरकारी अस्पताल में ले गए। वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मुबारकपुर थाना प्रभारी इंचार्ज कुलवंत सिंह ने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
रात को मनाया था जन्मदिन
अनीश की मौत के बाद परिवार का हाल बेहाल है। उसके भाई मनीष ने कहा कि अनीश ने कल रात 17 साल पूरे कर लिए थे और उन्होंने उसका जन्मदिन मनाया था। आज सुबह उसके भाई ने 18वें साल में कदम रखा था, लेकिन सुबह हुआ हादसा उसके भाई को उससे दूर ले गया।
कच्ची छत वाले घरों में रहने वालों को सताने लगा डर
डेराबस्सी के वार्ड नंबर एक से चार तक में मीरपुर और मुबारकपुर दो गांव आते हैं। इन वार्डों में दर्जनों घर हैं जिनकी छतें कच्ची हैं। कच्चे मकान को पक्का करने के फार्म भरने के बावजूद इन जरूरतमंद लोगों को योजना के तहत पैसा नहीं मिला। पहले भी मीरपुर में कच्चे मकान की छत गिरने से मलबे में दबने से एक बच्चे की मौत हो चुकी है। इसके बाद हरकत में आए अधिकारियों ने उक्त परिवार को छत ठीक करने के लिए पैसे दिए। अब देखना होगा कि मीरपुर और मुबारकपुर में कच्चे घरों में रह रहे लोगों के प्रति सरकार कोई कदम उठाती है या नहीं।