पुलिस बोली- करीब छह लोग गिरोह में हो सकते हैं शामिल, जांच के बाद होगी कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
जीरकपुर। नाभा गांव से भबात जाने वाली सड़क पर दुकानदारों क्यूआर कोड पर अपने क्यूआर कोड लगाकर ठगी करने का मामला सामने आया था। इस मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक युवक की पहचान की है। वह किसी प्रॉपर्टी डीलर का बेटा बताया जा रहा है। पुलिस के मुताबिक वही ठगी का मास्टरमाइंड है। उसके साथ गिरोह में पांच अन्य लोग शामिल हो सकते हैं।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार यह एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि करीब छह लोगों का गिरोह है, जिसने रातोंरात इतने क्यूआर कोड बदल दिए। फिलहाल पुलिस ने मामले में कोई एफआईआर दर्ज नहीं की है। जांच के बाद ही केस दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। जांच अधिकारी नैब सिंह ने बताया की खबरें प्रकाशित होने के बाद जब वह मौके पर पहुंचे तो दुकानदारों ने अपने साथ हुई ठगी के बारे में बताया। जिसके बाद मामले की जांच की जा रही है।
उन्होंने बताया की फिलहाल एक प्रॉपर्टी डीलर के बेटे का नाम सामने आ रहा है, लेकिन अभी हमारी अधूरी है। उन्होंने बताया कि यह एक युवक का काम नहीं, बल्कि करीब छह लोगों का गिरोह हो सकता है। जांच के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। उन्होंने माना कि यह अन्य अलग तरीके का स्कैम है। इसलिए इसे रोका जाना जरूरी है।
100 दुकानों के क्यूआर कोड बदले थे
बता दें कि नाभा गांव से भबात जाने वाली सड़क पर स्थित सब्जी विक्रेता व अन्य छोटे दुकानदारों ने अपनी दुकानों के बाहर क्यूआर कोड लगाए हुए हैं। करीब 100 दुकानों के क्यूआर कोड शनिवार को रात बदल दिए गए। जिसके चलते ग्राहकों की ओर से की जाने वाली पेमेंट ठग गिरोह के खाते में जाने लगी। एक महिला ग्राहक की सतर्कता के बाद दुकानदारों ने खाते में भुगतान चेक किया तो शोर मच गया। इस पर सभी दुकानदारों ने अपने क्यूआर काेड चेक किए तो बदले हुए पाए गए।