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दो सांड़ की लड़ाई की चपेट में आए एक्टिवा सवार दंपती, महिला की रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर

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दो सांड़ की लड़ाई की चपेट में आए एक्टिवा सवार दंपती, महिला की रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर
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क्रासर - पति-पत्नी घर से जा रहे थे अपनी दुकान पर, महिला चंडीगढ़ के अस्पताल में भर्ती
खास बात
महिला को उठने बैठने में भी आ रही दिक्कत, डॉक्टरों ने तीन महीने तक बिस्तर पर आराम बताया
संवाद न्यूज एजेंसी
नयागांव। पंजाब के मुख्यमंत्री आवास के साथ लगते नयागांव में लावारिस पशु लोगों के लिए मुसीबत बने हुए हैं। शुक्रवार को एक्टिवा सवार एक दंपती लावारिस सांड़ों की लड़ाई की चपेट में आ गया। इस हादसे में महिला की रीढ़ की हड्डी में फैक्चर आया है। डॉक्टरों ने उनको तीन महीने के लिए बिस्तर पर आराम करने की सलाह दी है। वहीं, इलाके के लोगों का कहना है कि नगर काउंसिल को लावारिस पशुओं से मुक्ति दिलाने के लिए अहम भूमिका निभानी होगी। जब तक कोई विकल्प सामने नहीं आता है, तब तक लावारिस पशुओं को पकड़कर लालड़ू गोशाला में भेजा जाना चाहिए, जिससे लोगों को दिक्कत न उठानी पड़े।
नयागांव के आदर्श नगर निवासी जगदीश चंद्र अपनी 56 वर्षीय पत्नी शकुंतला के साथ कुमाऊं कॉलोनी स्थित दुकान पर एक्टिवा से जा रहे थे। इसी दौरान दो सांड़ लड़ते हुए गली से निकलकर अचानक उनके सामने सड़क पर आ गए और बुजुर्ग की एक्टिवा को अपनी चपेट में ले लिया। इससे शकुंतला देवी एक्टिवा से दूर जाकर सड़क पर गिर गई और घायल हो गई। इसके उन्हें इलाज के लिए जीएमएसएच सेक्टर-16 चंडीगढ़ में ले जाया गया। यहां पर डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि उनकी रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर है, इस कारण उन्हें कम से कम तीन महीने तक बिस्तर पर ही आराम करना पड़ेगा।
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इलाके में लावारिस पशुओं की वजह से होने वाली यह कोई पहला हादसा नहीं है। इससे पहले भी लावारिस पशुओं की चपेट में आने से इलाके के लोग चोटिल हो चुके हैं। इस घटना के बाद इलाके के लोगों में नगर काउंसिल के खिलाफ गुस्सा है। लोगों का कहना है कि नगर काउंसिल के कर्मचारी लावारिस पशुओं और कुत्तों पर कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। इस कारण आए दिन किसी न किसी व्यक्ति को हादसे का शिकार होना पड़ता है।
तीन महीने पहले काटा था लावारिस कुत्ते ने
शकुंतला के पति जगदीश चंद्र ने बताया कि करीब तीन महीने जब वह एक्टिवा पर दुकान पर जा रहे थे तो चर्च के पास आवारा कुत्तों का झुंड खड़ा था। जब हम वहां से निकले तो पीछे से एक कुत्ते ने शकुंतला देवी के पैर पर काट लिया था। यह दूसरा मामला है जब हम नगर काउंसिल की लापरवाही का शिकार हुए हैं।
गोशाला बनाने के लिए करेंगे कार्रवाई
इलाके में जगह की समस्या होने के कारण अभी तक कोई गोशाला नहीं बन पाई है। इस कारण इलाके में लावारिस पशुओं की संख्या बढ़ती जा रही है। जल्द ही जगह देखकर इलाके में गोशाला बनाई जाएगी और लोगों को इस समस्या से राहत मिलेगी।
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-वीरेंद्र जैन, कार्यकारी अधिकारी नगर काउंसिल, नयागांव।
पशुओं से कई लोग हो चुके हैं जख्मी
नयागांव में करीब 6 साल पहले नगर काउंसिल में सफाई का काम करने वाले राकेश कुमार को नगर काउंसिल कार्यालय के गेट पर सांड़ ने टक्कर मारी थी। इस कारण उसकी भी रीढ़ की हड्डी में फ्रैक्चर हुआ था और उसे अपनी नौकरी से हाथ धोना पड़ा था। इसके बाद पीजीआई में नर्सिंग ऑफिसर के पद पर काम करने वाले कृष्ण कुमार को भी नगर काउंसिल कार्यालय के बाहर ही लावारिस सांड़ ने टक्कर मारी थी। वह भी घायल होने के बाद करीब तीन-चार महीने तक अपनी नौकरी पर नहीं जा सके थे। हाल में करीब पांच महीने पहले नगर काउंसिल के ही एक और सफाई कर्मचारी विजय कुमार को नाडा पुल पर सांड़ ने टक्कर मारी थी। इस कारण उसकी भी बाजू में फ्रैक्चर हो गया था। इस घटना के बाद इलाके के लोगों में नगर काउंसिल के खिलाफ गुस्सा है। लोगों का कहना है कि नगर काउंसिल के कर्मचारी लावारिस पशुओं और आवारा कुत्तों पर कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। इस कारण आए दिन किसी न किसी व्यक्ति को दुर्घटना का शिकार होना पड़ता है।
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