बठिंडा। जिले के गांव लहरा मोहब्बत में स्थित गुरु हरगोबिंद थर्मल प्लांट से गर्म राख निकालने के काम के दौरान धमाका हो गया। इस धमाके में थर्मल कर्मी ओंकार सिंह के पैर झुलस गए, जबकि एक मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना शुक्रवार देर रात की बताई जा रही। घटना के बाद थर्मल के चीफ इंजिनियर मदन सिंह धीमान अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। वहीं घटना में घायल दोनों लोगों को नजदीकी के अस्पताल में दाखिल करवाया गया है। घटना के बाद थर्मल की दो यूनिट बंद हो गईं, जिससे बिजली संकट गहरा गया।
जानकारी के अनुसार लहरा मोहब्बत के थर्मल प्लांट में शुक्रवार देर रात गर्म राख निकालने का काम चल रहा था। इसी दौरान साइट पर एक जोरदार धमाका हुआ और गर्म राख का तोंदा नीचे गिर गया और साइट का जायजा लेने पहुंचे थर्मल कर्मी ओंकार सिंह के पैर झुलस गए, जबकि उनके साथ आया मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के तुरंत बाद थर्मल की दो यूनिट बंद हो गईं और अंधेरा छा गया। इसी दौरान घटना की सूचना मिलने पर थर्मल के चीफ इंजिनियर मदन सिंह धीमान अन्य अधिकारियों के साथ पहुंचे। घटना में घायल दोनों लोगों को अस्पताल में दाखिल करवाया गया, जहां पर प्राथमिक उपचार के बाद दोनों को भेज दिया गया।
घटना के बाद शनिवार को सुबह थर्मल के चीफ इंजीनियर मदन सिंह धीमान ने थर्मल अधिकारियों के साथ एक आपात बैठक की, जो काफी देर तक चली। लेकिन बैठक में क्या बातचीत हुई इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई है। हालांकि माना जा रहा है कि घटना के बाद थर्मल की जो दो यूनिट बंद हुई हैं, उनको तुरंत चालू करवाने का प्रयास करने के लिए ही आपात बैठक की गई थी। इस संबंध में थर्मल के चीफ इंजीनियर मदन सिंह धीमान से संपर्क किया तो उन्होंने कहा कि अभी वह किसी जरूरी बैठक में हैं। बताया जा रहा है कि थर्मल की दो यूनिट बंद होने के बाद शनिवार को अधिकारी इन्हें चलाने के प्रयास में जुटे रहे। अगर दोनों यूनिट जल्द न चलीं तो आने वाले दिनों में बिजली संकट गहरा सकता है।