लाल कुआं एक्सप्रेस ट्रेन को बुधवार सुबह एससी/एसटी आयोग के उपचेयरमैन डा. राजकुमार वेरका और गुरु नगरी के मेयर बख्शीराम अरोड़ा ने हरी झंडी देकर रवाना किया।
ट्रेन चंडीगढ़ के रास्ते अंबाला से होते हुए काठगोदाम होकर धौला कुआं पहुंचेगी। इस अवसर पर डा. वेरका ने बताया कि भारत सरकार ने महात्मा गांधी की जयंती पर जनता को यह उपहार दिया है। इससे व्यापारी और अन्य वर्ग को चंडीगढ़ जाने में सहायता मिली है। इससे पहले चंडीगढ़ के लिए केवल एक ट्रेन थी।
डा. वेरका ने सुबह 5.55 बजे ट्रेन को रवाना किया। यह ट्रेन बुधवार रात को ही 8.50 पर लाल कुआं पहुंचेगी और उसी रात 11.15 मिनट में वापस अमृतसर के लिए रवाना हो जाएगी और अगले दिन दोपहर 2.45 मिनट में अमृतसर पहुंचेगी। इस ट्रेन के चलने से उत्तराखंड में बसने वाले सिखों की इच्छा पूरी होने जा रही है। उनका गुरु की नगरी अमृतसर में आना जाना अब और आसान हो जाएगा।
केंद्र सरकार ने इस ट्रेन को पिछले बजट में घोषित किया था। इस ट्रेन के लिए पहले अमृतसर से सांसद नवजोत सिंह सिद्धू ने हरी झंडी दिखानी थी लेकिन उनके अमृतसर में न होने के कारण रेल विभाग के आदेशों पर इस ट्रेन को डा. राज कुमार ने हरी झंडी देकर रवाना किया।
सरकार की ओर से गाड़ी तो नई शुरू की गई परंतु इसके डिब्बे पुराने ही लगा दिए गए। ट्रेन ब्यास, जालंधर, लुधियाना, मोरिंडा, चंडीगढ़, काठगोदाम के रास्ते लाल कुआं पहुंचेगी। इस अवसर पर रेलवे के डीआरएम फिरोजपुर डिवीजन एनसी गोयल, सीनियर डीओमए मंजीत सिंह, एटीएम अशोक सिंह , एसएस विमल कुमार व सीआईटी पीआर कक्कड़ मौजूद थे।