धनौला कस्बे का कुख्यात गैंगस्टर गुरमीत सिंह माना उर्फ काला धनौला पुलिस एनकाउंटर में मारा गया। गैंगस्टर पर 63 से अधिक मामले दर्ज हैं। इनमें कांग्रेस मंत्री पर फायरिंग, हत्या समेत कई संगीन मामले शामिल हैं। एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीएफटी) के अधिकारियों ने बताया कि एनकाउंटर में काला धनौला की मौके पर ही मौत हो गई। उसके दो साथी भी इस फायरिंग में घायल हो गए हैं। वहीं गैंगस्टर की ओर से की गई फायरिंग में एक इंस्पेक्टर व एक सब इंस्पेक्टर भी घायल हो गए हैं।
बरनाला जिले के एसएसपी संदीप मलिक ने बताया गुरमीत सिंह उर्फ काला धनौला पर धनौला थाने में ही कई मामले दर्ज हैं और कई संगीन मुकदमों में भगोड़ा घोषित था। उसकी खोज के लिए एजीएफटी की टीम व बरनाला पुलिस ने कई जगह नाकेबंदी कर रखी थी। एजीटीएफ की टीम को रविवार को मिली सूचना के आधार पर धनौला के बड़वर गांव में घेराबंदी कर गैंगस्टर काला को सरेंडर करने के लिए कहा गया। इस पर गैंगस्टर ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस की जवाबी फायरिंग में काला धनौला की मौके पर ही मौत हो गई। उसके दो साथी सुखचैन सिंह छीना व एक अन्य साथी जो कि फतेहगढ़ के छन्ना का रहने वाला है इस फायरिंग में घायल हो गए हैं। वहीं, पुलिस के दो कर्मचारी इंस्पेक्टर पुष्पेंद्र सिंह व सब इंस्पेक्टर जसप्रीत सिंह भी घायल हो गए हैं।
इस घटनाक्रम में पुलिस को तीन पिस्टल, कई मैगजीन व कारतूस बरामद हुए हैं। इसके साथ ही गैंगस्टर से एक सिल्वर रंग की कार भी बरामद हुई है। घटनाक्रम के बाद सभी घायलों को बरनाला के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। काला धनौला की मौत की पुष्टि के लिए उसकी बॉडी को भी सिविल अस्पताल के भेजा गया है।