फिरोजपुर जेल में कैदी ने लोहे की ग्रिल से सिर मारकर खुदकुशी करने की कोशिश की। उसका सिर खून से लथपथ हो गया। उसे जेल अस्पताल में दाखिल करवाया। उक्त बंदी हाई सिक्योरिटी जोन से बाहर निकलने का प्रयास कर रहा था तो वहां तैनात मुलाजिम ने उसे रोकना चाह। थाना सिटी पुलिस ने रविवार को उक्त बंदी के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की तफ्तीश शुरू कर दी है।
पुलिस के मुताबिक सेंट्रल जेल फिरोजपुर में किसी मामले में कैदी धर्मेंद्र सिंह उर्फ बाजी वासी गांव दोसांझ जिला मोगा सजा काट रहा है। उसे हाई सिक्योरिटी जोन में बंद किया हुआ है। शनिवार देर शाम धर्मेंद्र ने सिक्योरिटी जोन से बाहर निकलने का प्रयास किया, तो वहां तैनात जेल मुलाजिम ने उसे रोकना चाहा। आरोपी बंदी ने मुलाजिम संग बहस करना शुरू कर दिया और धक्का मारकर भागने लगा। जब बंदी को काबू किया तो उसने हाई सिक्योरिटी जोन में बने कंट्रोल रूम की लोहे की ग्रिल से अपना सिर मारकर खुदकुशी करने की कोशिश की। सिर में गहरी चोट लगने से गंभीर जख्मी हो गया। उसे जेल अस्पताल में भर्ती किया। मुलाजिमों ने बंदी की बैरक चेक की तो वहां से एक मोबाइल बरामद हुआ है। थाना सिटी पुलिस ने जेल के सहायक सुपरिटेंडेंट निर्मल सिंह की शिकायत पर धर्मेंद्र के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
जेल में मिले सात मोबाइल, 212 मादक पदार्थ की पुड़ियां व दो चार्जर
फिरोजपुर जेल अधिकारियों को जेल परिसर से 22 पैकेट मिले, इनमें सात मोबाइल, 212 मादक पदार्थ की पुड़ियां व दो चार्जर बरामद हुए हैं। थाना सिटी पुलिस ने रविवार जेल के सहायक सुपरिटेंडेंट सुखजिंदर सिंह की शिकायत पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के मुताबिक जेल वार्डन राम व नायन के साथ गश्त संतरी कुलदीप सिंह जेल परिसर की चेकिंग कर रहे थे। ब्लाक नंबर-दो के बाथरूम के पीछे सौलह व लंगर बैरक के पास छह पैकेट मिले, जो किसी व्यक्ति ने बाहर से जेल परिसर में फेंके थे। इन्हें खोलकर देखा तो इनमें सात मोबाइल, 212 जर्दें की पुड़ियां व दो चार्जर बरामद हुए हैं।