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Amritpal Singh: पांच दिन के लिए जेल से बाहर आएगा अमृतपाल, मां बलविंदर कौर ने की ये बड़ी मांग

Wed, 03 Jul 2024 08:23 PM IST
अंकेश ठाकुर संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर (पंजाब)

सार

पंजाब की खडूर साहिब लोकसभा सीट से निर्दलीय सांसद अमृतपाल सिंह पांच दिन की पैरोल पर जेल से बाहर आएगा। वह असम की डिब्रूगढ़ जेल में बंद है। अमृतपाल सिंह 5 जुलाई को दिल्ली में सांसद पद की शपथ लेगा। 
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अमृतपाल सिंह - फोटो : फाइल
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विस्तार
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वारिस पंजाब दे प्रमुख और खडूर साहिब से नवनिर्वाचित सांसद अमृतपाल सिंह को पंजाब सरकार की सिफारिशों पर पैरोल मिल गई है। अमृतपाल को 5 से 9 जुलाई तक 5 दिन की पैरोल मिली है। अमृतपाल पांच जुलाई को सांसद पद की शपथ लेगा। वह डिब्रूगढ़ जेल से ही सीधे संसद में जाएगा और वहीं लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के कमरे में ही उनके समक्ष शपथ लेगा। वहीं अमृतपाल के परिवार ने भी इस दौरान दिल्ली जाकर अमृतपाल को मिलने की तैयारी कर ली है।

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असम की डिब्रूगढ़ जेल में बंद खडूर साहिब सीट से निर्दलीय सांसद अमृतपाल सिंह को शपथ लेने की मंजूरी अमृतसर के डीसी की ओर से भेजी गई शर्तों पर आधारित रिपोर्ट के आधार पर मिली है। अमृतसर के डिप्टी कमिश्नर घनश्याम थोरी ने अमृतपाल को शर्तों के साथ पैरोल देने की सिफारिश की थी। इसकी सभी शर्ते भी भारत सरकार के गृह मंत्रालय और डिब्रूगढ़ जेल को भेज गई थी।



अमृतपाल की मां बलविंदर कौर ने कहा कि हमें खुशी है कि सरकार ने बेटे (अमृतपाल) को शपथ लेने के लिए पैरोल दी है। हम चाहते हैं कि सरकार लोगों की आवाज सुनते हुए अमृतपाल को जेल से रिहा करे। क्योंकि अमृतपाल ने चुनाव में निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर भारी मतों से जीत हासिल की है। उस पर से एनएसए कानून हटा कर उसके साथियों समेत रिहा करना चाहिए।
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शपथ ग्रहण के दौरान मौजूद रहेगा परिवार
अमृतपाल को पैरोल मिलने पर उसके चाचा सुखचैन सिंह कि हमें सोशल मीडिया से पता चला कि सरकार उन्हें 5 जुलाई को शपथ दिलवाने जा रही है। हम चाहते थे कि उनका शपथ ग्रहण समारोह तब होता जब अन्य सांसद शपथ ले रहे थे। लेकिन देर आए दुरुस्त आए। अमृतपाल सिंह के चाचा सुखचैन ने कहा कि हम प्रशासन से बात करेंगे कि जब वह संसद में शपथ लें तो परिवार मौजूद रहे। उन्हें रिहा किया जाना चाहिए। लोकतंत्र में विश्वास रखने वाली सरकार को जनादेश का सम्मान करना चाहिए। एनएसए को हटाया जाना चाहिए और उन्हें लोगों की सेवा करने का मौका दिया जाना चाहिए।

अमृतपाल पर 11 आपराधिक मामले हैं दर्ज
उल्लेखनीय है कि अमृतपाल को पंजाब पुलिस ने पिछले साल अप्रैल में मोगा से गिरफ्तार किया था। उसके खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम 1980 के अंतर्गत आरोप लगाए गए हैं। असम की डिब्रूगढ़ जेल में बंद खालिस्तान समर्थक अमृतपाल पर पंजाब में 11 आपराधिक मामले दर्ज हैं। जेल में बंद रहने के दौरान अमृतपाल ने खडूर साहिब की सीट से आजाद उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ा और कांग्रेस के उम्मीदवार कुलबीर सिंह जीरा को 1.97 लाख वोटो से हराया था।
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जेल सुपरिटेंडेंट को भी लिखा था पत्र
सांसद बनने के बाद अमृतपाल सिंह के प्रवक्ता राजदेव सिंह खालसा और उनके वकील ईमान सिंह खारा उसे शपथ दिलाने के लिए मांग कर रहे थे। अमृतपाल सिंह की तरफ से जेल सुपरिटेंडेंट को भी शपथ दिलाने के लिए पत्र लिखा गया था।
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