बनारस में वंदे मातरम, सुजलाम सुफलाम सश्यश्यामलम...की धुन शहनाई पर गूंजी तो हर कोई पल भर के लिए ठहर गया। आगे की स्लाइड्स में देखें...
विज्ञापन
2 of 4
bharat mata mandir
- फोटो : amar ujala
शुक्रवार को भारत माता मंदिर में श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर के शहनाई वादक पं. महेंद्र प्रसन्ना ने शुक्रवार को राष्ट्रीय गीत वंदेमातरम् पर शहनाई की मंगल धुन प्रस्तुत कर आजादी के दीवानों को नमन किया। पूरे मंदिर को फूलों से सजाया गया था।
विज्ञापन
3 of 4
bharat mata mandir
- फोटो : amar ujala
सात सितंबर 1905 को काशी में कांग्रेस के अधिवेशन में पहली बार इसका गायन हुआ था। स्वतंत्रता सेनानी बंकिम चंद्र चटर्जी द्वारा रचित राष्ट्रीय गीत के सम्मान में शहनाई वादक ने भारत माता मंदिर में अपने साथी कलाकारों के साथ शहनाई पर राष्ट्रीय गीत की धुन को बजाकर श्रोताओं को आनंदित किया।
इसके अलावा उन्होंने कई देश भक्ति गीतों की धुन प्रस्तुत की। इस मौके पर ब्राह्मण महासभा के अध्यक्ष पं. सतीश चंद्र मिश्र, गंगा सहाय पांडेय, चंद्रभूषण, रवि सिंह, इंदिरा वर्मा, अंजू वर्मा, दाऊजी पटेल, राजीव गुप्ता आदि उपस्थित थे।