फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी चुनाव 2022: प्रियंका गांधी ने चुनावी शंखनाद के लिए यूं ही नहीं चुना वाराणसी, जानिए इसका सियासी कारण

Sun, 10 Oct 2021 10:16 AM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
विज्ञापन
1 of 8
वाराणसी: प्रियंका गांधी की रैली के लिए तैयार मंच - फोटो : अमर उजाला
यूपी विधानसभा चुनाव 2022 के मद्देनजर एक बार फिर से बनारस चुनावी रणभूमि बनने जा रहा है। इसकी शुरुआत आज कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी रोहनिया विधानसभा क्षेत्र के जगतपुर कॉलेज से करने जा रही हैं। किसान न्याय रैली में  प्रियंका गांधी किसानों का मुद्दा उठाएंगी।  लखीमपुरी खीरी कांड के आरोपियों पर कार्रवाई, गृह राज्य मंत्री की बर्खास्तगी और नये कृषि कानूनों की वापसी का मुद्दा उठाएंगी। रैली के बहाने किसान आंदोलन को पश्चिम से पूरब की तरफ मोड़ने की रणनीति बनाई गई है।

रैली में पूर्वांचल समेत आसपास के जिलों से किसान और मजदूर हिस्सा लेंगे। बनारस से किसान न्याय यात्रा आरंभ होगी जो प्रदेश भर में जाएगी। बंगाल में खराब प्रदर्शन के बाद यूपी में कांग्रेस ने पूरी ताकत के साथ जनता का विकल्प बनने का निर्णय लिया है। प्रियंका ने अपने चुनावी अभियान के शंखनाद के लिए वाराणसी को यूं ही नहीं चुना है। आगे की स्लाइड्स में देखें...
विज्ञापन

2 of 8
वाराणसीः जगतपुर इंटर कॉलेज में रैली की तैयारी - फोटो : अमर उजाला
वाराणसी जहां पीएम मोदी का चुनाव क्षेत्र होने से अहम है, वहीं पूर्वांचल के जिलों का केंद्र भी माना जाता है। काशी विश्वनाथ मंदिर में स्थापित महादेव हर हिंदू के दिल में बसे हैं। प्रियंका रविवार को वहां पूजा-अर्चना करके भी आम मतदाताओं को बिन बोले खास संदेश देंगी कि आरएसएस से असहमत लोगों के दिल में भी बाबा विश्वनाथ रचे-बसे हैं।
विज्ञापन

3 of 8
वाराणसी: प्रियंका गांधी की रैली के लिए तैयार मंच - फोटो : अमर उजाला
रैली के पहले प्रियंका अपनी धार्मिक सियासी यात्रा भी करेंगी, जिसके तहत सबसे पहले वह बाबा विश्वनाथ के दरबार में शीश नवाएंगी और उसके बाद मां कुष्मांडा के दर्शन कर आदिशक्ति का आशीर्वाद लेंगी. आशीर्वाद लेने के बाद प्रियंका जगतपुर मैदान में जनशक्ति का प्रदर्शन करेंगी.

4 of 8
वाराणसी: प्रियंका गांधी की रैली - फोटो : अमर उजाला
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में रविवार को कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा की गर्जना सुनने को मिलेगी। यह यूपी में उनके चुनाव अभियान की शुरुआत भी है। कांग्रेस की कोशिश है कि पूर्वांचल में भी नए कृषि कानून सशक्त मुद्दा बने। मोदी के गढ़ में शक्ति प्रदर्शन कर कांग्रेस देश-प्रदेश में यह संदेश देना चाहती है कि उसे कमजोर न समझा जाए।
विज्ञापन

5 of 8
वाराणसी: प्रियंका गांधी की रैली - फोटो : अमर उजाला
चुनाव के लिहाज से कांग्रेस वाराणसी में अच्छा प्रदर्शन करती रही है। पार्टी के वरिष्ठ नेता अजय राय और राजेश मिश्रा वहां से कई बार विधायक-सांसद रहे हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में पार्टी के अनिल कुमार श्रीवास्तव ने मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई थी। कुल मिलाकर सांगठनिक लिहाज से भी कांग्रेस वाराणसी में अपेक्षाकृत मजबूत है। 
विज्ञापन

6 of 8
वाराणसी: प्रियंका गांधी की रैली - फोटो : अमर उजाला
कांग्रेस का दावा है कि रविवार को होने वाली रैली में पूर्वांचल के प्रत्येक न्याय पंचायत के लोगों का प्रतिनिधित्व होगा। कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव बाजीराव खाडे बताते हैं कि इस रैली से पार्टी पूर्वांचल के किसानों को भी कृषि कानूनों की खामियां बताते हुए जागरूक करेगी। उन्होंने रैली में एक लाख से ज्यादा लोगों के जुटने का दावा करते हुए कहा कि यह किराए के लोगों की नहीं, बल्कि कांग्रेस से दिल से जुड़े लोगों की रैली होगी। 
विज्ञापन

7 of 8
वाराणसी: प्रियंका गांधी की रैली - फोटो : फाइल
कांग्रेस प्रवक्ता अंशू अवस्थी ने बताया कि वाराणसी में रैली की तैयारियों के लिए उत्तर प्रदेश कांग्रेस के मीडिया विभाग में वार रूम बनाया गया है। प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू लगातार कार्यकर्ताओं को तैयारी संबंधी दिशा-निर्देश जारी कर रहे हैं। विधान परिषद में कांग्रेस दल के नेता दीपक सिंह, मीडिया विभाग के चेयरमैन नसीमुद्दीन सिद्दीकी, पूर्व राज्यसभा सदस्य पीएल पुनिया समेत सभी वरिष्ठ नेता वहां पहुंच चुके हैं।
विज्ञापन

8 of 8
प्रियंका गांधी - फोटो : amar ujala
बनारस में पहले दो अक्तूबर को प्रियंका की रैली रखी गई। फिर इसकी तारीख बदल कर 10 अक्तूबर की गई और नाम रखा गया प्रतिज्ञा रैली। लेकिन लखीमपुर की घटना के बाद जिस तरह से भाजपा थोड़ा बैकफुट पर आई, कांग्रेस ने एक बार फिर किसानों का मुद्दा उठाने की तैयारी कर ली है। अब वाराणसी में रविवार को होने वाली प्रतिज्ञा रैली किसान न्याय रैली में बदल गई है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें