वाराणसी के रामनगर में विश्वप्रसिद्ध रामलीला में मंगलवार शाम को रावण दहन किया गया। रावण दहन के समय लंका मैदान पर किले से जुड़ा हुआ राज परिवार का कोई सदस्य वहां नहीं रहता।
देशभर में आज बुराई पर अच्छाई की जीत का पर्व दशहरा मनाया जा रहा है। वाराणसी के रामनगर में विश्वप्रसिद्ध रामलीला में मंगलवार शाम को रावण दहन किया गया। रावण दहन के समय लंका मैदान पर किले से जुड़ा हुआ राज परिवार का कोई सदस्य वहां नहीं रहता।
विज्ञापन
2 of 6
रावण दहन
- फोटो : अमर उजाला
महाराज अनंत नारायण सिंह का एक प्रतिनिधि मुख्य अतिथि के रूप में वहां जाता है।
विज्ञापन
3 of 6
रामनगर में रावण दहन
- फोटो : अमर उजाला
रणभूमि में विभीषण पांच बार परिक्रमा करने के बार अग्नि देते हैं। फिर उसके बाद विभीषण प्रभु राम और लक्ष्मण की आरती करते हैं। इसी के साथ लीला समाप्त हो जाती है।
4 of 6
रावण दहन में हजारों लोग
- फोटो : अमर उजाला
रावण दहन के दौरान हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहे। किसी ने रावण दहन को कैमरे में कैद किया तो किसी ने वीडियो कॉल के जरिए परिजनों को रावण दहन का दृश्य दिखाया।
विज्ञापन
5 of 6
रामनगर में रावण दहन
- फोटो : अमर उजाला
बता दें कि 25वें दिन मंगलवार को राम-रावण युद्ध की लीला हुई। युद्ध के मैदान में जामवंत के प्रहार से जब रावण मूर्च्छित हो गया तो सारथी उसे लेकर लंका लौट आता है। अशोक वाटिका में बैठी हुई माता सीता त्रिजटा से युद्ध का समाचार पूछती हैं।
त्रिजटा बताती है कि रावण बेहोश पड़ा है राक्षस उसे घेरे हुए हैं। सीता पूछती हैं कि माता आप बताइए रावण कैसे मरेगा। त्रिजटा कहती है कि जब रावण की नाभि में तीर लगेगा तभी वह मरेगा।