अपने मकान का ताला खोलता फौजी
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नौ साल पुराना झगड़ा, गांगनौली में खूब बहा खून
झगड़े की शुरुआत सितंबर 2011 में हुई थी। बड़ौत से गायब हुए दोघट के जितेंद्र और नैनू का शव 14 सितंबर 2011 को प्रमोद गांगनौली के खेत में दबा मिला था। इस वारदात में सद्दाम और प्रमोद को नामजद किया गया था। दोनों आरोपियों को शक था कि रामवीर पक्ष के लोग उनकी हत्या करा सकते हैं। इसी को लेकर प्रमोद और रामवीर पक्ष के लोगों में फायरिंग भी हुई थी। इसके बाद हत्याओं का लंबा सिलसिला चला।