कानपुर में श्याम नगर गोलीकांड में जो दरोगा विवाद की सूचना पर पहुंचा था राजकुमार दुबे उसके निलंबन पर अड़ गया। डीसीपी पूर्वी प्रमोद कुमार ने समझदारी दिखाई। दरोगा का फर्जी निलंबन किया और कागज आरोपी को व्हाट्सएप किया, जिसके बाद आरोपी ने डीसीपी को घर के भीतर बुलाया और हथियार डालकर सरेंडर कर दिया।
डीसीपी से आरोपी बोला कि मेरी शिकायत पर पुलिस इतनी जल्द नहीं आती। जब बहू ने फोन किया तो दरोगा तुरंत आ गया जबकि बेटे-बहू ही मुझे प्रताड़ित करते हैं। इस पर डीसीपी ने कहा कि पहले फायरिंग बंद करो। जो शिकायत होगी उसकी सुनवाई कर समस्या का निस्तारण किया जाएगा। मगर राजकुमार दुबे नहीं माना। वह बोला पहले उस दरोगा को निलंबित करो जो मेरे दरवाजे पर आया।