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उदयमान सूर्य को अर्घ्य देने के साथ छठ व्रत का पारण, घाटों पर बिखरी सतरंगी छटा, देखें तस्वीरें

Sun, 03 Nov 2019 06:17 PM IST
शिखा पांडेय यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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छठ पूजा - फोटो : अमर उजाला
छठ पूजा के चौथे दिन रविवार को छठ व्रत रखने वाली पूर्वांचल और बिहार की महिलाओं ने उगते सूर्य को अर्घ्य दिया। कानपुर में सूर्यदेव के पूजन के लिए गंगा घाटों पर आस्था का सैलाब उमड़ा।
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छठ पूजा - फोटो : अमर उजाला
भोर से ही पनकी बड़ी नहर, अर्मापुर नहर, सीटीआई, विजय नगर, शास्त्री नगर, सेंट्रल पार्क, बर्रा, गुजैनी, दबौली, मेहरबान सिंह पुरवा, गोला घाट, गंगा बैराज आदि विभिन्न घाटों पर बने कृत्रिम तालाबों में छठ मइया की पूजा अर्चना की।
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छठ पूजा - फोटो : अमर उजाला
पूजन सामग्री लेकर कृत्रिम तालाबों में पहुंची महिलाओं ने वेदी पर दीपक जलाकर अर्चना कर उगते सूर्य को दूध व जल से अर्घ्य देकर छठ मइया से घर परिवार की सलामती की दुआ मांगी। घाटों से लौटने के बाद घर के बड़े बुजुर्गों के पैर छूकर आशीर्वाद लिया। इसके बाद अदरक और गुड़ खाकर व्रत पारण किया।

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छठ पूजा - फोटो : अमर उजाला
सूर्य संहिता के अनुसार कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी, षष्ठी, सप्तमी को छठ व्रत पर्व के रूप में मनाया जाता है। पूर्वांचल और बिहार क्षेत्र में इस व्रत की बड़ी मान्यता है। छठ व्रत को द्वापर युग में द्रौपदी, कर्ण और भीष्म पितामह ने भी किया था।
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छठ पूजा - फोटो : अमर उजाला
इस दिन नहाने के बाद गीले वस्त्रों से संतान को पोछा जाता है। ताकि भगवान सूर्य बच्चे को दीर्घायु का आशीर्वाद दें। इसी क्रम में छठ व्रत की शुरुआत 31 अक्टूबर को खरना पूजन से हुई थी। शनिवार की शाम को सूर्यास्त होते सूर्य को अर्घ्य दिया गया। वहीं रविवार की भोर में उगते सूर्य को अर्घ्य देकर छठ व्रत संपन्न हुआ।
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