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अलीगढ़: बच्चों को ढाल बनाकर पुलिस पर पथराव, तिरंगा छोड़ भीड़ ने फहराया काला झंडा

Sat, 21 Dec 2019 12:46 PM IST
प्राची प्रियम अमर उजाला ब्यूरो, अलीगढ़
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भीड़ मे फहराए काले झंडे - फोटो : अमर उजाला
अलीगढ़ में नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी का विरोध शुक्रवार को 12वें दिन जुमे की नमाज के बाद शाम को फिर उग्र हो गया। शाहजमाल ईदगाह के पास एकत्रित युवकों ने पुलिस पर घंटों तक पथराव कर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। जब उन्हें एक तरफ से पुलिस ने घेर लिया तो युवकों की भीड़ नारेबाजी व प्रदर्शन करने लगी। वहीं, भीड़ में से कुछ युवक पीछे से चरखवालान चौराहे पर पहुंच गए, जहां उन्होंने मौजूद पुलिस पिकेट पर पथराव कर पुलिसकर्मियों को दौड़ा दिया। उनकी कुर्सियां, बैरियर व एक बाइक तक तोड़ दी। बाद में सुरक्षा बलों ने वहां लाठीचार्ज कर युवकों को दूर तक खदेड़ा, तब जाकर हालात काबू हुए। इधर, शाहजमाल में एकत्रित युवकों को तीन घंटे बाद जैसे-तैसे समझाकर शांत किया गया।

 
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भीड़ की पत्थरबाजी में घायल पुलिस - फोटो : अमर उजाला
जुमे की नमाज के बाद करीब 3:30 बजे शाहजमाल एडीए कालोनी में कुछ युवक अचानक से ईदगाह के पास से आकर जमा हो गए। भीड़ में किशोर व नवयुवक सबसे आगे थे। इन लोगों के जमा होने पर जब पुलिस ने एतराज जताया तो युवकों ने वहां एक प्लाट में पड़े ईंट रोड़े उठाकर पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। मौके पर मौजूद पुलिस बल ने भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश की, लेकिन भीड़ रुक रुककर पुलिस पर पथराव और सरकार विरोधी नारेबाजी करती रही। खबर पाकर मौके पर खुद एसएसपी आकार कुलहरि पहुंच गए। उन्होंने मोर्चा संभाल लिया। समाज के मोअज्जिज लोगों को बुलाकर हालात नियंत्रित करने की कोशिश की। करीब साढ़े चार बजे उन्होंने शहर मुफ्ती मो. खालिद हमीद, मीट निर्यातक हाजी जहीर को मौके पर बुलाया। 

 
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पुलिस पर पथराव करती भीड़ - फोटो : अमर उजाला
शहर मुफ्ती ने भी लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की, मगर भीड़ नहीं मानी। मीट निर्यातक हाजी जहीर संग तो धक्का-मुक्की तक कर दी। उनको मजबूरी में हाथ में ईंट लेकर लोगों को शांत करना पड़ा। इसी बीच पथराव में पुलिस के सहयोगी युवक केसर का मुंह फट गया। बाद में लोगों की ओर से आवाज आई कि पुलिस दूर खड़ी रहे। इसके बाद पुलिस ने भीड़ से कुछ दूरी बनाकर मोर्चा संभाल लिया। मोहल्ले के मोअज्जिज लोगों को आगे कर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लगाया गया।

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पथराव करती भीड़ - फोटो : अमर उजाला
इधर, हालात पर काबू पाने के प्रयास जारी थे कि कुछ खुराफाती वहां से निकलकर चरखवालान चौराहे की ओर पहुंच गए। वहां मौजूद पुलिसकर्मियों को उन्होंने पथराव कर दौड़ा दिया। उनकी कुर्सियों व बैरियर को तोड़ दिया। साथ में एक बाइक भी तोड़ दी। इसकी सूचना मिलते ही शाहजमाल मस्जिद पर डटे सीओ अतरौली पंकज श्रीवास्तव के नेतृत्व में फोर्स को भेजा गया। पुलिस को देखते ही प्रदर्शनकारी भाग खड़े हुए और पुलिस के सामने करीब 100 मीटर की दूरी पर जाकर डट गए। वहां से वह लगातार नारेबाजी करते रहे। 

 
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पुलिस पर पथराव करते लोग - फोटो : अमर उजाला
शाम छह बजे करीब प्रदर्शनकारी यहां से तो अपने घरों को लौट गए। पुलिस ने तीन युवकों को हिरासत में लिया है, मगर शाहजमाल ईदगाह के पास वहां हंगामा चलता रहा। यहां सवा छह बजे करीब जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह भी पहुंच गए। उन्होंने एसएसपी के साथ मिलकर लोगों से शांति बनाए रखने का आह्वान किया। इसके बाद करीब साढे़ छह बजे स्थिति पर काबू पाया जा सका। भीड़ वहां से घरों को चली गई।
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हालात को संभालती पुलिस फोर्स - फोटो : अमर उजाला
एक गाड़ी, दर्जनों कुर्सियां, पुलिस बैरियर तोड़े
चरखवालान में प्रदर्शनकारियों ने पथराव कर काफी नुकसान किया। यहां चौराहा पर पुलिसकर्मियों के लिए रखीं कुर्सियों को पथराव कर तोड़ दिया। पुलिस बैरियर गिरा दिए। इतना ही नहीं वहां मौजूद एक बाइक पर पथराव कर उसे बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। पथराव के दौरान खुराफातियों ने किशोर व बच्चों को आगे कर उनकी आड़ में खूब पथराव किया। पुलिस अधिकारी और समाज के लोग भीड़ को समझाने पहुंचे तो उन्होंने वहां पुलिस की ओर से लगाए गए सीसीटीवी कैमरों को हटाने की मांग कर दी। पुलिस ने काफी समझाने की कोशिश की। मगर, वो लोग मानने को तैयार नहीं हुए।
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भीड़ ने फहराए काले झंडे - फोटो : अमर उजाला
तिरंगा छोड़ काले झंडे लहराए
इससे पहले तक जो प्रदर्शनकारी नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी का विरोध करते हुए हाथों में तिरंगा लेकर निकल रहे थे, शुक्रवार को अचानक से वह शाहजमाल के पास काले झंडे लहराने लगे। पुलिस भी उनकी इस हरकत को देख हैरान रह गई। हालांकि अधिकारियों ने संयम दिखाते हुए सिर्फ उनसे शांति बनाए रखने की अपील की। आगे बढ़कर कोई भी एक्शन नहीं लिया। समाज के मोअज्जिज लोग भी इसके लिए एसएसपी की तारीफ करते दिखे। 
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