डॉ. दीप्ति अग्रवाल के पिता डॉ. नरेश मंगला ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर कहा है कि वह पुलिस के रवैये से आहत हैं। इस मामले की एसआईटी जांच होनी चाहिए। पुलिस ठीक से जांच नहीं कर रही है।
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डॉक्टर दीप्ति की मौत का मामला
- फोटो : अमर उजाला
कोसीकलां, मथुरा स्थित आर्य नगर निवासी डॉ. नरेश कुमार मंगला ने बेटी डॉ. दीप्ति की मौत के मामले में सात अगस्त को पति डॉ. सुमित अग्रवाल, ससुर डॉ. एससी अग्रवाल, सास अनीता अग्रवाल, जेठ डॉ. अमित अग्रवाल, जिठानी डॉ. तूलिका अग्रवाल के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने डॉ. सुमित अग्रवाल को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था।
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डॉ. दीप्ति के पिता डॉ. नरेश मंगला
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डॉ. नरेश मंगला का आरोप है कि आरोपियों को बचाने की कोशिश की जा रही है। डॉ. एससी अग्रवाल सहित अन्य आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं। उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है। केस की जांच एसआईटी, सीबीआई, हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज की निगरानी में की जाए।
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डॉक्टर दीप्ति की मौत का मामला
- फोटो : अमर उजाला
बता दें कि विभव वैली व्यू निवासी डॉ. दीप्ति अग्रवाल को तीन अगस्त को प्रतापपुरा स्थित सफायर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पति डॉ. सुमित अग्रवाल ने कहा था कि पत्नी ने फांसी लगा ली थी। उपचार के दौरान छह अगस्त को डॉ. दीप्ति की मौत हो गई। इस मामले में दहेज के लिए हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें डॉ. सुमित अग्रवाल, डॉ. सुमित अग्रवाल सहित पांच लोगों को नामजद किया था। पुलिस ने आरोपी पति डॉ. सुमित अग्रवाल को रविवार को जेल भेज दिया था।
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पति डॉ. सुमित अग्रवाल के साथ डॉक्टर दीप्ति (फाइल)
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डॉ. दीप्ति की मौत के मामले में बुधवार को आईएमए के पदाधिकारियों ने एसएसपी बबलू कुमार से मिलकर कहा कि पुलिस की कार्रवाई निष्पक्ष जांच के बाद ही होनी चाहिए। उन्होंने ज्ञापन देकर कहा कि डॉक्टर दीप्ति ने सुसाइड नोट में किसी पर आरोप नहीं लगाया है।
दीप्ति को न्याय दिलाने के लिए कोसी में सड़क पर आए लोग (फाइल फोटो)
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आईएमए अध्यक्ष डॉ. आरएम पचौरी और सचिव डॉ. संजय चतुर्वेदी ने घटना से जुड़ी चीजें सिलसिलेवार एसएसपी के सामने रखीं। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में फांसी लगने से मौत होना आया है। इससे साफ है कि मामला आत्महत्या का ही है। इसके बावजूद डॉ. सुमित के परिवार पर दहेज हत्या और दहेज उत्पीड़न के आरोप लगाए गए हैं। ये गुस्से में और बिना किसी उचित आधार के लगाए गए हैं। इस केस की गहराई से जांच होनी चाहिए। एसएसपी बबलू कुमार ने कहा कि पुलिस साक्ष्यों के आधार पर ही कार्रवाई करेगी। विवेचना निष्पक्ष की जा रही है।