शराब पीने के बाद 48 घंटे में डौकी और देवरी हुई आठ लोगों की मौत के बाद पुलिस ने चार ठेकों को सील किया है। ठेकों के स्टॉक की जांच की जाएगी। वहीं इस मामले में ग्रामीणों ने क्षेत्र में शराब के अवैध रूप से बिकने का भी आरोप लगाया है। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस अगर शराब की अवैध बिक्री पर लगाम लगा लेती तो लोगों की मौत नहीं होती।
एसओ डौकी अशोक कुमार ने बताया कि मंगलवार को ग्राम कौलारी कलां तथा नगला भोला में अंग्रेजी और देसी शराब के दो-दो ठेकों पर सील लगा दी है। शराब की जांच की जाएगी। पुलिस के मुताबिक ज्यादातर गांववाले इन्हीं ठेकों से शराब खरीदते हैं। हालांकि चर्चा है कि गांव में अवैध रूप से भी शराब बेची जाती है। अवैध रूप से बिकने वाली शराब पीने से ही यह हादसा हुआ है।
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मृतकों की फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
ग्रामीणों के मुताबिक डौकी क्षेत्र का ही एक वीडियो करीब 15 दिन पहले वायरल हुआ था। जिसमें एक मकान से शराब की अवैध बिक्री की जा रही थी। लोगों का कहना है कि पुलिस ने उस वीडियो को संज्ञान में ले लिया होता तो शायद यह हादसा नहीं होता। उस मामले में प्रभारी निरीक्षक डौकी ने यह कहकर पल्ला झाड़ लिया था कि यह वीडियो उनके क्षेत्र का नहीं है।
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शराब पीने के बाद हुई मौत
- फोटो : अमर उजाला
एसपी पूर्वी के. वेंकट अशोक ने बताया कि प्रथम दृष्टया अत्यधिक शराब के सेवन से मौत का मामला लग रहा है। तीन मृतकों अनिल, रामवीर और गंगा प्रसाद के शवों का पोस्टमार्टम कराया गया है। विसरा जांच भी प्राथमिकता पर कराई जाएगी। मिथाइल टेस्ट कराया जाएगा। इसकी रिपोर्ट 24 से 48 घंटे में मंगवाई जाएगी। इससे यह साफ हो जाएगा कि शराब जहरीली थी या नहीं, इसके बाद कार्रवाई की जाएगी। इलाके के चार ठेकों को सील कर दिया गया है। इनके स्टॉक की जांच कराई जाएगी।
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जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह
- फोटो : अमर उजाला
कौलारा कला के तीन लोगों की मृत्यु हुई है। नजदीक के गांव में एक मृत्यु है। चारों व्यक्तियों के पोस्टमार्टम में जहरीली शराब से मृत्यु की पुष्टि नहीं हुई है। आगे की जांच के लिए उनके बिसरे सुरक्षित किए हैं। जरूरत पड़ने पर उनकी दोबारा जांच कराई जाएगी। शराब ठेका सील किया है। ताकि स्टॉक से छेड़छाड़ नहीं हो सके। आसपास के 10 गांवों में जांच कराई जा रही है। अगर शराब पीने से मौत हुई होगी तो अन्य गांव में भी हो सकता है लोगों ने शराब खरीदी हो। देवरी रोड क्षेत्र में मौत के मामले में जांच कराई जा रही है। दोनों जगह जिन ठेकों से शराब खरीदी गई थी उन्हें प्रशासन ने सील कर दिया है। अवैध शराब बिक्री की जांच व छापामारी को एडीएम सिटी की अध्यक्षता में एफएसडीए, पुलिस, आबकारी व मजिस्ट्रेट टीमें गठित की गई हैं। जो फतेहाबाद व अन्य क्षेत्रों में अवैध शराब की गतिविधियों में लिप्त लोगों के विरुद्ध कार्रवाई करेंगी। - प्रभु एन सिंह, जिलाधिकारी
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पीड़ित परिवार विलाप करते हुए
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परिवारों पर छाया रोजी-रोटी का संकट
कौलारा कलां और वहीं के मजरा बरकुला में शराब पीने से चार लोगों की जान चली गई। हादसे से इनके परिवारों पर रोजी-रोटी का संकट पैदा हो गया है। गांववालों ने बताया कि कौलारा कला निवासी अनिल गांव के ही एक दुग्ध उत्पादक के घर से दूध एकत्रित कर आगरा में एक डेयरी पर पहुंचाता था। साथ ही मजदूरी करता था। उसके चार बच्चे हैं। वहीं मृत राधेश्याम के भी चार बच्चे हैं। वह भी प्रतिदिन कमाने वाला मजदूर था। रामवीर के 7 बच्चे हैं। जिसमें तीन लड़की तथा चार लड़के हैं। ऐसा ही कुछ हाल बरकुला निवासी गया प्रसाद का भी है। वह भी मजदूर है।
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पूर्व विधायक मधुसूदन शर्मा
मृतकों को 10-10 लाख रुपये देने की मांग
समाजवादी पार्टी जिलाध्यक्ष मधुसूदन शर्मा ने कौलारा कला पहुंच कर मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने सरकार से मृतकों के परिजनों को 10-10 लाख रुपये देने की मांग की। इस दौरान देवेंद्र यादव, गौरव यादव, राजकुमार राठौर, हरनारायण वर्मा, राजकुमार चौहान आदि मौजूद रहे।
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मृतक राधेश्याम और अनिल की फाइल फोटो बाएं से दाएं
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साथ बैठकर पी शराब और 24 घंटे में चारों ने तोड़ दिया दम
गांव कौलारा कलां में रविवार रात को चारों शराब खरीदकर लाए थे। उन्होंने साथ बैठकर शराब पी थी। इसके बाद सभी घर चले गए। सबसे पहले राधेश्याम की तबीयत बिगड़ी। उन्हें सोमवार सुबह दिक्कत होने लगी। बेटे अरुण ने बताया कि सोमवार दोपहर दो बजे पिता को ज्यादा दिक्कत हुई। उन्हें उल्टी हुईं। इसके बाद पेट में दर्द की शिकायत की। उन्हें शांति मांगलिक अस्पताल में लेकर गए। शाम तकरीबन चार बजे उनकी मौत हो गई। देर शाम में अंतिम संस्कार कर दिया। पुलिस को जानकारी नहीं दी। उधर, अनिल की भी तबीयत दोपहर दो बजे बिगड़ी। उनको गांव कुंडौल स्थित एक अस्पताल में भर्ती कराया। पिता श्रीनिवास ने बताया कि अनिल को उल्टी हो रही थीं। हालत में सुधार नहीं होने पर उसे शांति मांगलिक अस्पताल में भर्ती कराया। बाद में उसे दूसरे अस्पताल में ले जा रहे थे। रात तकरीबन 11 बजे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने पहुंचकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
रामवीर और गया प्रसाद के फाइल फोटो बाएं से दाएं
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गांव बरकुला निवासी गयाप्रसाद की भी हालत बिगड़ गई। चचेरे भाई राजेश ने बताया कि गयाप्रसाद शराब पीकर कौलारा कलां से आए थे। उन्होंने सुबह पेट में जलन, घबराहट और आंखों से धुंधला दिखाई देने की शिकायत की। वह गांव में ही एक डॉक्टर के पास ले गए। इसके बाद फिरोजाबाद लेकर पहुंचे। शाम तकरीबन सात बजे उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम के लिए भेजा। रामवीर को भी घबराहट और उल्टी आने की समस्या थी। परिजनों ने उन्हें जीआर हॉस्पिटल में भर्ती कराया। परिजनों का कहना था कि वह कौलारा कला में एक घर से शराब लेकर आए थे। मंगलवार शाम तकरीबन चार बजे उनकी मौत हो गई। पुलिस ने उनके शव को भी पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।