Sheetala Ashtami 2022 : सनातन धर्म में प्राचीन काल से ही दैहिक,दैविक एवं भौतिक कष्टों के निवारण के लिए देवी-देवताओं की अलग-अलग रूपों में पूजा करने का विधान अनेक धर्मशास्त्रों में बताया गया है। अर्थात देवी-देवता हर प्रकार के कष्टों से सदैव हमारी रक्षा करते हैं। ऐसा ही एक रूप है मां पार्वती स्वरूपा मां शीतला देवी का जिनकी उपासना अनेक संक्रामक रोगों से हमें रोग मुक्त करती है। मां शीतला देवी की पूजा चैत्र मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को की जाती है। इस वर्ष यह पर्व 25 मार्च ,गुरूवार को मनाया जाएगा। प्रकृति के अनुसार शरीर निरोगी हो,इसलिए भी शीतला अष्टमी की पूजा-व्रत करना चाहिए।