फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Atul maheshwari chhatravritti: विद्यार्थी बोले- अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति के सहारे सपनों को लगाएंगे पंख

Mon, 18 Nov 2024 11:56 AM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, शिमला

सार

अमर उजाला फाउंडेशन की अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति परीक्षा का दूसरा चरण रविवार को आयोजित किया गया। परीक्षा को लेकर विद्यार्थियों में उत्साह देखने को मिला। 
विज्ञापन
1 of 8
अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति परीक्षा। - फोटो : संवाद
अमर उजाला फाउंडेशन की अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति परीक्षा का दूसरा चरण रविवार को आयोजित किया गया। परीक्षा को लेकर विद्यार्थियों में उत्साह देखने को मिला। वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल लालपानी (छात्र) में परीक्षा केंद्र बनाया गया। नौंवी से बारहवीं कक्षा तक के 237 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी। सुबह साढ़े ग्यारह से एक बजे तक परीक्षा हुई। इसमें 55 फीसदी उपस्थिति रही। नौंवी के 54, दसवीं के 57, ग्यारहवीं के 71 और बारहवीं कक्षा के 55 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी। परीक्षा को लेकर विद्यार्थी उत्साहित दिखे।  विद्यार्थी और अभिभावक सुबह नौ बजे ही स्कूल में पहुंचने शुरू हो गए थे।

रोहड़ू,  सुन्नी, कुमारसैन, शिमला ग्रामीण सहित जिला कुल्लू के आनी से विद्यार्थी परीक्षा देने के लिए पहुंचे। कुछ विद्यार्थी सुबह चार बजे ही परीक्षा देने के लिए अपने घरों से वाहनों में निकल पड़े थे। कुछ रात को ही शिमला पहुंच गए थे। अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति-2024 परीक्षा के आयोजन में शिक्षा विभाग के वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लालपानी के प्रधानाचार्य पवन सोनी और उनके समस्त स्टाफ ने पूरा सहयोग किया। 431 विद्यार्थियों ने परीक्षा के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। इनमें से 237 परीक्षा में अपीयर हुए, जबकि 194 ने परीक्षा में भाग नहीं लिया। दूसरे चरण की इस परीक्षा में 55 फीसदी उपस्थिति रही।
विज्ञापन

2 of 8
आयुष - फोटो : अमर उजाला
अच्छा रहा पहली बार परीक्षा देने का अनुभव
पहली बार छात्रवृत्ति परीक्षा देने का अनुभव अच्छा रहा। पिता खेतीबाड़ी का काम करते हैं और माता आंगनबाड़ी में काम करती हैं। मैं भविष्य में डॉक्टर बनना चाहता हूं। -आयुष, ग्यारहवीं कक्षा, रोहड़ू
विज्ञापन

3 of 8
अंशुल - फोटो : अमर उजाला
एक दिन पहले आया परीक्षा देने, मंदिर में बिताई रात
परीक्षा देने के लिए एक दिन पहले अपने पापा के साथ शिमला आ गया था, ताकि समय से परीक्षा देने के लिए पहुंच सकूं। एक रात राम मंदिर में कमरा लेकर रुके। -अंशुल, नौवीं कक्षा, आनी

4 of 8
स्नेहा - फोटो : अमर उजाला
प्रश्नपत्र देखने के बाद खत्म हो गया परीक्षा का डर  
छात्रवृत्ति परीक्षा को लेकर बहुत ज्यादा डरी हुई थी, लेकिन प्रश्नपत्र देखने के बाद डर खत्म हो गया। परीक्षा बहुत अच्छी हुई। इस तरह की परीक्षाओं से हौंसला बढ़ता है। -स्नेहा, ग्यारहवीं कक्षा, करसोग
विज्ञापन

5 of 8
कृतिका - फोटो : अमर उजाला
पढ़ाई में करूंगी छात्रवृत्ति की राशि का प्रयोग
पापा स्कूल में प्रवक्ता हैं, मां की मृत्यु दस महीने पहले हो गई थी। छात्रवृत्ति से मिलने वाली राशि से घर के खर्चों और अपनी पढ़ाई को पूरा करने का प्रयोग करूंगी। -कृतिका नौवीं कक्षा, करसोग
विज्ञापन

6 of 8
कृष्णा देवी - फोटो : अमर उजाला
पाेती को परीक्षा से मिली बड़ी हिम्मत
सुबह छह बजे घर से चल पड़े थे। पोती के पिता का दस साल पहले देहांत हो गया है। खेतों से घर का खर्चा चला रहे हैं। योगेश्वरी पढ़ाई में अच्छी है। परीक्षा से उसे बहुत हिम्मत मिली है। -कृष्णा देवी, सुन्नी 
विज्ञापन

7 of 8
दिव्यांशी - फोटो : संवाद
छात्रवृत्ति की परीक्षा देकर बढ़ा आत्मविश्वास
अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति परीक्षा देने के लिए उत्साहित थी। प्रतियोगी और स्कूल की परीक्षाओं की बेहतर तैयारी के लिए इस परीक्षा से और ज्यादा आत्मविश्वास बढ़ा है। -दिव्यांशी ग्यारहवीं कक्षा, कोटखाई
विज्ञापन

8 of 8
सूर्यकांत - फोटो : संवाद
बेटी ने परीक्षा के लिए की है बहुत मेहनत 
पांच बच्चे हैं। सभी बच्चों की पढ़ाई के लिए ऋण लिया है। घर का पूरा खर्चा खेतीबाड़ी से चलता है। बारहवीं कक्षा में पढ़ रही बेटी अनामिका ने छात्रवृत्ति परीक्षा के लिए बहुत मेहनत की है।  -सूर्यकांत,  कुमारसैन 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें