कई अंग्रेजों को उन्होंने मार गिराया। पर, अंग्रेजों की सेना के पास गोला-बारूद की कोई कमी नहीं थी, जबकि भारतीयों के पास संसाधन काफी कम थे। फिर भी राजा जयलाल ने अंग्रेजों के छक्के छुड़ा दिए। पर, आखिर में उनके पास गोली-बारूद खत्म हो गया। कई सिपाही भी मारे गए।