लखनऊ के प्राचीन शिवालयों में शुमार बुद्धेश्वर महादेव की महिमा दूर-दूर तक फैली है। यहां बुधवार को भोले की आराधना का खास महत्व है। खासकर सावन के बुधवार।
विज्ञापन
2 of 5
मंदिर
- फोटो : डेमो
कहते हैं सावन के सभी बुधवार को भोले का अभिषेक और शृंगार करने वाले भक्त के तमाम मानसिक कष्ट दूर हो जाते हैं। बताते हैं कि जब भगवान शिव जब भस्मासुर से बचकर यहां-वहां विचरण कर रहे थे तब यहां से भी गुजरे थे।
विज्ञापन
3 of 5
बुद्धेश्वर महादेव मंदिर
वह दिन बुधवार का होने के कारण मंदिर का नाम भी बुद्धेश्वर पड़ा। इसी मंदिर से एक और मान्यता जुड़ी हुई है। कहते हैं, त्रेतायुग में जब लक्ष्मण जी माता सीता को जंगल में छोड़ने जा रहे थे तो इसी मार्ग से गुजरे थे।
4 of 5
बुद्धेश्वर महादेव मंदिर
- फोटो : amarujala
उस वक्त वह बेहद भावुक थे। विचलित मन से उन्होंने यहां शिवशंकर को याद किया था। यहां सीता कुंड उसी इतिहास का साक्षी है। सावन के हर बुधवार को यहां मेला लगता है।