सरोजनीनगर : दवा तो बंट रही मगर सुनवाई नहीं
सरोजनीनगर की अमावा ग्राम पंचायत में एक महीने में प्रमोद कुमार, श्याम सुंदरी, प्रेम शंकर श्रीवास्तव उनकी पत्नी सावित्री व पुत्र निलेश, राम प्रकाश साहू, सियाराम, कीर्ति पटेल, तेजनरायन, दयाराम, ओमेंद्र, राजवती, गरीबन, भोली, वक्तावर व प्रेम नारायण सिंह जग्गा की मौत हो चुकी है। इनमें तीन लोग तो एक ही परिवार के थे। ग्रामीणों का आरोप है कि इसके बावजूद गांव में तहसील प्रशासन का कोई अधिकारी आज तक नहीं आया। सैनिटाइजेशन तक नहीं हुआ। इससे गांव के लोग काफी आक्रोशित हैं।
गांव में आज भी कई लोग बुखार, खांसी, जुकाम से पीड़ित हैं। इन्हें गांव की आशा बहु लवलेश दवा की किट दे रही हैं। पूर्व ग्राम प्रधान शिव शंकर सिंह ने आरोप लगाया कि गांव में स्वास्थ्य विभाग की टीम आज तक नहीं आई। ग्राम प्रधान ने गांव में कैंप लगाकर जांच की मांग की है। राजेंद्र सिंह ने बताया कि चुनाव के समय गांव में कुछ बाहरी लोग आ गए थे। इससे भी वायरस फैलने की आशंका है। उन्होंने आरोप लगाया कि विकासखंड अधिकारी निशांत राय को सैनिटाइजेशन के लिए फोन भी किया गया, लेकिन कोई उचित जवाब नहीं मिला। वहीं सीएचसी प्रभारी अंशुमान सिंह ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अमावा गांव में घर-घर जाकर खांसी, बुखार, जुखाम से पीड़ित मरीजों को दवा वितरण की है। गांव में कोई दिक्कत है तो हमारी टीम दोबारा गांव जाकर मरीजों को चेक करेगी।