पिछले दो-तीन दशक में जिन गंभीर रोगों के मामले सबसे तेजी से बढ़ते हुए देखे गए हैं, कैंसर उनमें से एक है। कैंसर को सबसे घातक रोगों में से एक माना जाता है, इसके शिकार ज्यादातर लोगों की मौत हो जाती है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक समय पर रोग का निदान न हो पाना, मौत के प्रमुख कारणों में से एक है। अगर कैंसर का पता शुरुआती चरणों में ही लगा लिया जाए तो रोग के गंभीर रूप लेने और इसके कारण होने वाली मौत के खतरे को कम करने में मदद मिल सकती है। इसके लिए आवश्यक है उन लक्षणों पर ध्यान देने की जिनके आधार पर कैंसर का शुरुआत में ही पता लगाया जा सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक कैंसर कई प्रकार का होता है और शरीर के तमाम अंगों में कैंसर कोशिकाएं बढ़ सकती हैं। कैंसर के सभी प्रकारों में फेफड़े के कैंसर को सबसे घातक माना जाता है। दुनिया भर में हर साल लाखों लोगों को इससे अपनी जान गंवानी पड़ जाती है। बहुत अधिक धूम्रपान करने या हानिकारक रसायनों के संपर्क में रहने वाले लोगों में फेफड़ों के कैंसर विकसित होने का जोखिम अधिक होता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक प्रारंभिक चरण में फेफड़ों के कैंसर के लक्षणों की पहचान करना आम तौर पर कठिन होता है। कभी-कभी जब तक कि स्थिति उन्नत चरण में नहीं पहुंच जाती है तब तक इसका पता लगा पाना मुश्किल हो जाता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक फेफड़े के कैंसर के मामले में शरीर में कुछ संकेत देखे जा सकते हैं, जिनके आधार पर रोग का पता लगाया जा सकता है। आइए आगे की स्लाइडों में इस बारे में जानते हैं।