लगातार कब्ज रहने की वजह से बहुत सारे लोगों को बवासीर की परेशानी हो जाती है, जिसमें इंसान का बैठना तक दुश्वार हो जाता है। मेडिकल भाषा में इसे पाइल्स और हेमरॉइड्स कहते हैं। इस रोग में गुदा (ऐनस) के आंतरिक और बाहरी हिस्से पर सूजन और फुंसियां हो जाती हैं। यह बीमारी ज्यादातर 45 से 65 साल के लोगों में देखने को मिलती है।
बवासीर दो तरह की होती है। एक में खून आता है, लेकिन इतनी दर्द नहीं होता। जबकि दूसरी में पेट में कब्ज बन जाती है और पेट हमेशा खराब रहता है। आइए जानते हैं इसके घरेलू इलाज के बारे में...