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आज से खाना शुरू करें डार्क चाॅकलेट, 70 फीसदी तक 'डिप्रेशन' कम करने में मिलेगी मदद

Sat, 10 Aug 2019 12:25 PM IST
पंखुड़ी सिंह लाइफस्टाइल डेस्क
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चॉकलेट खाना सबको पसंद होता है। जब मन बहलाना हो, दुखी मन को खुश करना हो, या गुस्सा शांत करना हो चॉकलेट बड़े काम आती है। लेकिन चॉकलेट को मजे में खाने वाले ये भी जान लें कि अगर आप डार्क चॉकलेट खाना शुरू कर दें तो ये अवसाद को कम कर सकता है। 
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हालिया अध्ययन में यह बात सामने आई है। इस अध्ययन में 13,626 लोगों के डेटा का विश्लेषण किया गया। अध्ययन में प्रतिभागियों की चॉकलेट के सेवन से जुड़ी आदत और उनमें अवसाद के लक्षणों को जांचा गया। इस दौरान उनकी लंबाई, वजन, वैवाहिक स्थिति, शिक्षा, आय, शारीरिक गतिविधि, धूम्रपान और स्वास्थ्य संबंधी अन्य समस्याओं को भी ध्यान में रखा गया। 
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ये शोध 'लंदन ग्लोबल यूनिवर्सिटी' द्वारा किया गया है और इसे डिप्रेशन एंड एंग्जायटी नामक जर्नल में छापा गया है। इस अध्ययन में पाया गया कि जिन लोगों ने डार्क चॉकलेट का सेवन किया था, उनमें अन्य लोगों की तुलना में 24 घंटे के दौरान अवसाद के लक्षण करीब 70 फीसद तक कम पाए गए। इसी तरह डार्क के साथ अन्य चॉकलेट खाने वालों में भी लक्षण 25 फीसद तक कम रहे। शोध से जुड़े वैज्ञानिकों ने बताया कि दुनियाभर में 30 करोड़ से ज्यादा लोग अवसाद के शिकार हैं। शोध के नतीजे इससे निपटने और इलाज के नए तरीके खोजने में भी मददगार हो सकते हैं। 

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डार्क चॉकलेट खाने से शरीर को वैसा ही फायदा होता है, जैसा एक्सरसाइज से होता है। शोध में यह भी पाया गया है कि चॉकलेट में एक ऐसा वानस्पतिक यौगिक 'इपिकेटेचीन' होता है, जो मसल्स को उसी तरह क्रियाशील करता है जैसे कि व्यायाम या खेल से जुड़ी कोई गतिविधि करती है। उल्लेखनीय है कि एरोबिक्स, जॉगिंग, रस्सी कूदने या साइकलिंग करने से मांसपेशियों की कोशिकाओं में माइटोकॉन्ड्रिया की संख्या में बढ़ोतरी होती है। ठीक यही काम इपिकेटेचीन भी करता है। 
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डार्क चॉकलेट का सेवन रक्त और वसा के स्तर को भी सुधारता है। डार्क चॉकलेट ग्लूकोज के स्तर और लिपिड प्रोफाइल में सुधार कर दिल के रोगों के जोखिम को कम करने में मददगार है। फेवनोल्स से भरपूर डार्क चॉकलेट का सेवन हृदय सम्बंधी रोग जैसे रक्तचाप कम होने और रक्त प्रवाह में कमी जैसे जोखिम को कम कर सकता है। 
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डार्क चॉकलेट एंटी-ऑक्सीडेन्ट से भरपूर मात्रा होती है। एंटी-ऑक्सीडेंट शरीर को फ्री रेडिकल्स से मुक्त करने में सहायक होते हैं जो हमारी कोशिकाओं को आक्सीकरण द्वारा नष्ट करते हैं। फ्री रेडिकल्स उम्र दराज दिखने और कैंसर के कारक होते हैं, इसलिए एंटी-ऑक्सीडेंट युक्त आहार यानी डार्क चॉकलेट खाने से कई प्रकार के कैंसर तथा शरीर पर दिखने वाले बढ़ती उम्र के प्रभाव से बचा जा सकता है। 
 
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