पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव
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West Bengal: जय महाकाली के साथ जय श्रीराम, बंगाल में हिंदुत्व का ज्वार और अंतिम प्रहार
पश्चिम बंगाल की सियासत अस्मिता और अस्तित्व का भीषण संघर्ष बन चुकी है। हुगली की लहरों के ऊपर भले ही हाई-वोल्टेज प्रचार और तीखे आरोप-प्रत्यारोपों का शोर हो, लेकिन इन लहरों के ठीक नीचे हिंदुत्व का अंडर करंट तमाम मुद्दों को विचलित करता दिख रहा है। इस अंडर करंट को समझना वैसा ही है, जैसे गंगासागर के मुहाने पर भागीरथी के अदृश्य प्रवाह को भांपना, जो ऊपर से जितना शांत है, नीचे उतना ही वेगवान। यह वह समीकरण है, जो ममता बनर्जी के अभेद्य किले की दीवारों में दरार पैदा करने की क्षमता रखता है। आखिर में चुनाव परंपरागत खांचों से बाहर निकलकर शक्ति बनाम श्रीराम के उस मोड़ पर आ गया है, जहां हर बयान एक तीर है और हर रैली एक घेराबंदी।
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