सोनिया सहरावत - फोटो : अमर उजाला
- फोटो : संवाद
पिता ज्ञानप्रकाश भावुक होकर कहते हैं कि मेरी बेटी आम लड़कियों जैसी नहीं है। वह बहुत बहादुर है। उसके लिए परिवार बाद में और देश पहले है। वह देश के लिए हर जिम्मेदारी निभाने को तैयार रहती है। वह चाहती है कि उसके दोनों बच्चे भी बड़े होकर देश की सेवा करें। सीआरपीएफ में सेवा के दौरान सोनिया की तैनाती अनुच्छेद-370 हटने से पहले श्रीनगर में भी रही। कश्मीर ऑपरेशन में उनका सात वर्ष का अनुभव है। रैपिड एक्शन फोर्स में देश के विभिन्न हिस्सों में रहते हुए भीड़ नियंत्रण के लिए सोनिया को मोब साइकोलॉजी का सात वर्ष का अनुभव है। पिता के अनुसार हालिया घटनाक्रम के बाद उनसे कोई बातचीत नहीं हो पाई है। उन्हें सिर्फ इतना पता चला है कि उसके हाथ में फ्रेक्चर है। वे अपने हेडक्वार्टर में अपना इलाज करवा रही हैं।
सीजेपी के प्रदर्शन के दौरान चर्चा में आई सोनिया सहरावत
दरअसल, हाल के दिनों में सोनिया उस समय चर्चा में आईं, जब दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे सीजेपी के प्रदर्शन के दौरान उनकी एक कथित इंस्टाग्राम स्टोरी का स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसके बाद सीजेपी ने उन पर प्रदर्शनकारियों का अपमान करने का आरोप लगाया। इस मुद्दे पर तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की सांसद महुआ मोइत्रा ने भी उन्हें निशाने पर लिया। हालांकि इस पूरे विवाद पर पिता ज्ञानप्रकाश बोले कि ये तो बिटिया ही बताएगी।