साल 1995 में त्रिस्तरीय पंचायत व्यवस्था लागू होने के बाद इस बार पहला अवसर है जब गोरखपुर जिला पंचायत अध्यक्ष का पद अनारक्षित है। अब तक अध्यक्ष की कुर्सी पर महिलाओं का कब्जा रहा है। भले ही सीट पिछड़ी जाति के लिए आरक्षित रही हो, लेकिन इस पर कब्जा महिलाओं का ही रहा है। इस बार पहला मौका होगा, जब पुरुष भी जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए दावेदारी कर सकेगा।