फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आयुर्वेद के इन तीन दवाओं से कोरोना को मात देने की है तैयारी, आयुष मंत्रालय ने जारी की गाइडलाइंस

Tue, 30 Jun 2020 08:45 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
विज्ञापन
1 of 5
Ayurveda Coronavirus - फोटो : Amar Ujala
कोरोना वायरस को मात देने के लिए आयुष मंत्रालय ने आयुर्वेद का सहारा लिया है। अलक्षणिक और गंभीर मरीजों को आयुष-64, अगस्तय हरीतकी और अणु तेल देने की तैयारी है। यह तीनों दवाएं बुखार, खांसी और सांस के लक्षण वाले मरीजों को दी जाएगी। परिणाम बेहतर आने के बाद इसे आम नागरिकों को भी उपलब्ध कराया जाएगा। इसे लेकर आयुष मंत्रालय ने गाइडलाइंस भी जारी की है।
विज्ञापन

2 of 5
Covid 19 test kit - फोटो : Social Media
कोरोना वायरस की दवा और वैक्सीन पर पूरी दुनिया भर में शोध चल रहे हैं। लेकिन अब तक किसी भी देश को सफलता नहीं मिली है। भारत में भी एलोपैथ सहित आयुर्वेद, होम्योपैथ दवाओं पर शोध जारी है। इस बीच अब आयुष मंत्रालय ने तीन दवाओं को कोरोना के मरीजों और क्वारंटीन हुए लोगों को देने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन

3 of 5
कोरोना वायरस। - फोटो : PTi
एक सप्ताह तक दवा का सेवन करने वाले मरीजों का फिर परीक्षण करने को कहा है। आयुष -64 दवा बुखार के मरीजों को देनी है, जबकि अगस्तय हरीतकी खांसी और सांस के मरीजों को दो बूंद अणु का तेल नाक में डालना है। दवा का सेवन करने वाले मरीजों की जांच एक सप्ताह बाद करनी होगी। इसकी रिपोर्ट आयुष मंत्रालय को भी भेजनी है।

4 of 5
कोरोना वायरस। - फोटो : PTI
अलग-अलग मरीजों पर चलेगा ट्रायल
तीनों दवाओं का ट्रायल अलग-अलग मरीजों पर किया जाएगा। अलक्षणिक मरीजों के अलावा क्वांरटीन सेंटर में रह रहे मरीजों को भी दवा दी जाएगी। इसके बाद दोनों के मरीजों की जांच एक सप्ताह बाद की जाएगी और देखा जाएगा कि दवा का असर किस पर कितना हुआ है। बताया जाता है कि यह तीनों दवाएं एलोपैथ की तुलना में काफी सस्ती है। ऐसे में अगर प्रयोग सफल रहा, तो काफी हद तक लोगों को राहत मिलेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
कोरोना वायरस। - फोटो : social media
जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ प्रकाश चंद्र मिश्रा ने कहा कि आयुष मंत्रालय की ओर से कोरोना मरीजों और क्वरंटीन सेंटर में रहे मरीजों को तीन दवाओं के सेवन को खिलाने के निर्देश मिले हैं। इन दवाओं में अगस्तय हरीतकी, अणु तेल और आयुष-64 शामिल है। दवाओं के सेवन के बाद एक सप्ताह बाद उनके सेहत की जांच कर रिपोर्ट आयुष मंत्रालय को भेजी जाएगी।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें