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गोरखपुर: नई दुल्हन ने पति संग रहने से किया इनकार, बोली- प्रेमी के साथ बितानी है जिंदगी

Sat, 31 Jul 2021 07:03 PM IST
vivek shukla अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
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सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : amar ujala
गोरखपुर जिले में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां शादी के बाद ससुराल पहुंची युवती ने पति नहीं प्रेमी संग रहने की इच्छा जताई तो मायके और ससुराल में बवाल मच गया। माता-पिता ने बेटी पर बहुत दबाव डाला लेकिन कोशिश नाकाम रही। प्रेमी संग जीवन गुजारने को अड़ी नवविवाहिता ने वन स्टॉप सेंटर और पुलिस से मदद मांगी। पत्नी की जिद देखते हुए पति ने उसे अपने प्रेमी के साथ जाने की इजाजत दे दी। पुलिस और वन स्टॉप सेंटर प्रबंधक की मौजूदगी में प्रेमी जोड़े ने एक दूसरे को वरमाला पहनाकर विवाह किया।
 
वन स्टॉप सेंटर की प्रबंधक पूजा पांडेय ने बताया कि दिसंबर 2020 की रात खुशी (परिवर्तित नाम) ने फोन किया। युवती ने बताया कि वह बालिग है और एक युवक से प्रेम करती है। उसके माता-पिता विरोध कर रहे हैं और दूसरी जगह उसकी शादी करना चाहते हैं। खुशी ने यह चेतावनी भी दी कि यदि उसकी मर्जी नहीं चली तो वह कुछ भी कर सकती है। आगे की स्लाइड्स में पढ़ें पूरी खबर...

 
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
उन्होंने युवती को फोन पर ही सांत्वना दी और परिजनों से बात कर हल निकाले जाने का आश्वासन दिया। बुलाए जाने के बावजूद न तो माता-पिता वन स्टॉप सेंटर पहुंचे और न ही खुशी को जाने दिया।

जबरन कर दिया विवाह
खुशी ने नौ दिसंबर को वन स्टॉप सेंटर पर फोन कर बताया कि माता पिता ने जबरन उसका विवाह दूसरे लड़के से कर दिया है और वह ससुराल में है। यदि उसे ससुराल से नहीं निकाला गया तो वह कुछ भी कर सकती है। पूजा पांडेय ने तुरंत ही गगहा थाना इंचार्ज को फोन कर युवती की मदद करने का अनुरोध किया।
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सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला
आनन फानन ससुराल पहुंच कर पुलिस ने नव विवाहिता को संरक्षण में लेकर वन स्टॉप सेंटर पहुंचाया। इसके बाद खुशी के माता पिता को थाने पर बुलाकर समझाने का प्रयास किया गया लेकिन कोई परिणाम नहीं निकला। इधर वन स्टॉप सेंटर में युवती प्रेमी संग जाने अन्यथा जान दे देने की जिद पर अड़ी थी।


 

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दुल्हन की प्रतीकात्मक फोटो - फोटो : सोशल मीडिया
एडीएम के दरबार से निकली राह
मामला तत्कालीन एडीएम के यहां पहुंचा। खुशी ने एडीएम के सामने बयान कलमबंद कराया कि वह बालिग है और प्रेमी संग रहना चाहती है। एडीएम ने खुशी के माता-पिता और उसके प्रेमी को भी तलब किया। माता-पिता ने दूसरे विवाह का विरोध किया लेकिन प्रेमी ने खुशी संग रहना और उसकी सुरक्षा का लिखित संकल्प लिया। एडीएम ने फैसला दिया कि क्योंकि खुशी बालिग है इसलिए वह स्वेच्छा से जिसके साथ रहना चाहती है रह सकती है। इधर पहले पति ने भी खुशी को उसके प्रेमी संग जाने की इजाजत दे दी।
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सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला।
वन स्टॉप सेंटर में हुआ विवाह
सेंटर प्रबंधक पूजा पांडेय बताती हैं कि एडीएम कोर्ट के निर्णय के बाद खुशी को वन स्टॉप सेंटर में पनाह दी गई। यहीं 16 दिसंबर 2020 को खुशी और उसके प्रेमी का विवाह कराया गया। एडीएम सहित सेंटर के कर्मचारियों ने दोनों के उज्जवल भविष्य की कामना की।

 
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