गोरखपुर की औद्योगिक क्षेत्र सहजनवा में अंग्रेजी माध्यम के आदर्श प्राथमिक विद्यालय जुड़ियान का उद्घाटन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कर दिया है। आईजीएल की ओर से मॉडल प्राइमरी स्कूल जुड़ियान को स्मार्ट बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी गई। स्कूल परिसर की दीवारों को आकर्षक रंगों से सिर्फ पोतकर ही नहीं छोड़ा गया है, उन पर देश की महान हस्तियों के चित्र और उनके प्रेरणावाक्य लिखे गए हैं।
कक्षाओं में भी दीवारों को शिक्षा सामग्री और पाठ्यपुस्तकों में दी गई कहानियों से मिलते चित्रों से सजाया गया है। पूरे विद्यालय परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और कक्षाओं में इंटीग्रेटेड पब्लिक अनाउंस सिस्टम भी लगा है। दीवारों को अंतरिक्ष यात्री कल्पना चावला, स्वर साम्राज्ञी लता मंगेशकर के साथ ही महात्मा बुद्ध, महाराणा प्रताप आदि महान हस्तियों के चित्रों से सजाया गया है। स्मार्ट क्लास में प्रोजेक्टर से बच्चों कोे मल्टीमीडिया कंटेंट द्वारा शिक्षा देने की व्यवस्था की गई है।
विज्ञापन
2 of 5
- फोटो : अमर उजाला
स्कूल के रंग रोगन और चहारदीवारी बनाने के साथ ही बच्चों के पढ़ने के लिए सभी कक्षाओं में प्रोजेक्टर, कुर्सी-मेज, पीने के स्वच्छ पानी और शौचालय की व्यवस्था की है। दीवारों पर सफाई आदि को लेकर जागरूकता संदेश लिखे गए हैं और जगह-जगह गमलों में फूल और सजावटी पौधे लगाए गए हैं।
स्कूल में बच्चों के लिए आधुनिक खेल सामग्री की भी व्यवस्था की गई है। बच्चों के लिए सी-सॉ, फिसल पट्टी, चकरी, स्प्रिंग वाला घोड़ा और खेल के लिए मैदान विकसित किया गया है। रसोई घर भी आधुनिक शैली का बनाया गया है।
सामूहिक भोजन के लिए पक्के फर्श वाला भोजन कक्ष है जिसमें थाली रखने के लिए ऊंचा काउंटर भी बनाया गया है। स्कूल में प्रतिदिन 217 बच्चों को भोजन दिया जाता है। स्वच्छ भारत अभियान के तहत स्कूल में बालिकाओं और बालकों के लिए अलग-अलग शौचालय भी बनाए गए हैं।
विज्ञापन
3 of 5
बच्चों के खेलने के आधुनिक उपकरण।
- फोटो : अमर उजाला
स्कूल में पर्यावरण संरक्षण पर भी ध्यान दिया गया है। पचास लाख की पूरी परियोजना में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम को भी शामिल किया गया है। वहीं स्कूल में आग से बचाव के लिए जगह-जगह फायर एक्सटिंग्विशर लगाए गए हैं। साथ ही बच्चों के खेलने के आधुनिक उपकरण भी यहां पर मौजूद हैं।
जल संरक्षण की भी है व्यवस्था
स्कूल में रेन वाटर हॉर्वेस्टिंग सिस्टम भी लगाया गया है। स्कूल परिसर में प्रशासनिक भवन, कक्षा, रसोई घर, आंगनबाड़ी केंद्र की छतों का पानी पाइप के माध्यम से परिसर के एक कोने में लगे ड्रम में संचयित होगा। इस ड्रम में पानी की भौतिक गंदगी फिल्टर होने के बाद साफ पानी चार फीट नीचे बने सोक पिट में जाएगा।
4 of 5
जुड़ियांन प्राथमिक विद्यालय का किचन व बच्चों को खाने के लिए बैठक।
- फोटो : अमर उजाला
जुड़ियांन प्राथमिक विद्यालय का यह किचन मॉड्यूलर किचन को मात देता नजर आ रहा है। इस किचन में लगभग 300 बच्चों का खाना प्रतिदिन बनना है। साथ ही बच्चों के खाने के लिए भारतीय संस्कृति की तरह बैठक में मैट की व्यवस्था की गई है। जिस पर बैठकर बच्चे खाना खाएंगे।
प्राइमरी स्कूल का आंगनवाड़ी केंद्र।
- फोटो : अमर उजाला
प्राइमरी स्कूल में आंगनवाड़ी केंद्र को बहुत ही अच्छा विकसित किया गया है। बच्चों के लिए कार्टून एबीसीडी क ख ग घ और नंबर सभी कुछ बिल्कुल उनके समझने योग्य शैली में मनाए गए हैं। और भारतीय संस्कृति को दर्शाने वाले महात्मा बुद्ध और महात्माओं की दीवारों पर चित्रकारी की गई है। इतना ही नहीं बल्कि बच्चों के पढ़ाई के लिए स्मार्ट क्लास में मल्टीमीडिया प्रोजेक्टर की भी व्यवस्था की गई है।