shah rukh khan
- फोटो : file photo
फिल्मों में आने से पहले शाहरुख थियेटर से भी जुड़े रहे हैं। बचपन के दिनों को याद करते हुए शाहरुख खान बताते हैं कि 'बचपन में जब मैं दिल्ली में रहता था तो रामलीला में भाग लेता था। एक बार मुझे वानर सेना के बंदर का किरदार मिला। रामलीला में हिस्सा लेने की एक वजह ये भी थी कि युद्ध के बाद ढेर सारे केले खाने को मिलते थे। उस वक्त मैंने स्टेज पर केवल एक डायलॉग बोला था 'सियावर रामचंद्र की जय'। वो मेरा पहला डायलॉग था, उसके बाद से अब तक सीखने का दौर जारी है।'