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ग्रेटर नोएडा हत्याकांड: दोस्त का कत्ल कर साबित किया अपना शव, फिर प्लास्टिक सर्जरी भी करा ली, जानें कैसे धरा गया मास्टरमाइंड

Fri, 03 Sep 2021 11:04 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा
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kasganj case - फोटो : अमर उजाला
सिर पर महिला सिपाही के प्रेम का जुनून सवार होने पर एक युवक ने न केवल अपनी पत्नी व दो मासूम बच्चों की क्रूरता से हत्या कर दी। बल्कि अपने दोस्त की भी हत्या कर दी और अपनी पहचान छिपाकर युवक दिल्ली के मछरोली में रहने लगा। हत्याओं के साढ़े तीन साल के बाद इस सनसनीखेज मामले का खुलासा डीएनए रिपोर्ट आने के बाद हुआ तो परत दर परत मामला खुल गया। पुलिस ने मुख्य आरोपी, महिला सिपाही समेत छह आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया है। पुलिस ने पत्नी और बच्चों के शवों के कंकाल बरामद किए हैं जो उसने नोएडा में अपने ही घर में दफन कर दिए थे। आरोपी ने अपने दोस्त की हत्या कर मथुरा-कासगंज रेल लाइन पर शव फेंक दिया था। पत्नी, बच्चों व दोस्त की हत्या का खेल शातिर ने यूं ही नहीं खेला। मेडिकल साइंस का जानकार होने के कारण उसने इसका इस्तेमाल घटना के साक्ष्य मिटाने में किया लेकिन कामयाब नहीं हो सका।
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मृतकों के फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
एसपी रोहन प्रमोद बोत्रे ने बताया कि आरोपी राकेश पैथोलॉजी का डिप्लोमा होल्डर है और नोएडा की लाल पैथोलॉजी में सात वर्ष तक काम कर चुका था। उसे इस बात का पता था कि पुलिस किस तरह से साक्ष्य जुटाती है। उसने दोस्त राजेंद्र उर्फ कलुआ की गड़ासे से सिर काटकर हत्या की और हाथों के पंजे भी काट दिए, जिससे उसकी शिनाख्त न हो पाए।
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पुलिस की गिरफ्त में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
आरोपी को पता था कि शव की शिनाख्त या तो चेहरे से हो सकती है या फिर हाथ की उंगलियों से। साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से सिर और पंजे काटकर उन्हें जला दिया और स्वयं का शव होने का दावा परिवार से करवा दिया। वहीं पत्नी और बच्चों के शव घर के बेसमेंट में दफन करके सीमेंट का फर्श बनवा दिया। राकेश ने अपने चेहरे और नाक की प्लास्टिक सर्जरी कराई, जिससे यकायक उसकी पहचान न हो सके। 
 

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पुलिस की गिरफ्त में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
शिनाख्त के लिए डाल दी एलआईसी की रसीद
राकेश ने दोस्त की हत्या के बाद एक और साजिश रची। उसने खुद के नाम की एलआईसी रसीद शव के पास डाल दी थी। जिससे पुलिस को यह पुष्टि हो जाए कि शव राकेश का ही है। इसके बाद वह नोएडा चला गया।
 
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कासगंज पुलिस ने किया हत्याकांड का खुलास - फोटो : अमर उजाला
बदल ली पहचान पत्र और कार्यक्षेत्र
आरोपी ने दिलीप शर्मा पुत्र सुभाष शर्मा निवासी कुक्कन पट्टी जनपद कुशीनगर के नाम से फर्जी आधार कार्ड बनवा लिया और हरियाणा के महरौली गांव में पहले मजदूरी की बाद में राजमिस्त्री बन गया और स्थायी रूप से वहीं रहने लगा।
 
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ग्रेटर नोएडा में इसी घर की खोदाई में मिला शव - फोटो : अमर उजाला
किराए पर उठा दिया नोएडा का मकान
नोएडा में पत्नी और बच्चों की हत्या के बाद बेसमेंट में शव दफनाने के बाद उसने पैथोलॉजी से काम छोड़ दिया और मकान भी किराए पर उठा दिया था। कासगंज पुलिस द्वारा मकान में की गई खोदाई के बाद किराएदार भी डरे सहमे नजर आए।
 
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