गाजियाबाद के इंदिरापुरम ज्ञानखंड में सुरक्षा गार्ड जितेंद्र की हत्या के आरोपी रणजीत को इंदिरापुरम पुलिस ने शनिवार रात गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि जितेंद्र उसके पड़ोस में रहता था। वह पत्नी पर गलत नजर रखता था और अपशब्द बोलता था। वह विरोध करता था तो उसे भी मारने की धमकी देता था। शराब पिलाने के बहाने उसे बुलाकर रणजीत ने जितेंद्र की इंटरलॉकिंग टाइल से ताबड़तोड़ वार कर हत्या कर दी थी। पुलिस ने खून से सनी टाइल भी बरामद कर ली है। सीओ इंदिरापुरम स्वतंत्र कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी रणजीत मूल रूप से खानपुर दिल्ली का रहने वाला है और खोड़ा में लवली पब्लिक स्कूल के पास किराए पर रहता है। उसी स्कूल पर साधना एंकलेव में रहने वाला जितेंद्र सुरक्षा गार्ड की नौकरी करता था।
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सांकेतिक फोटो
- फोटो : social media
आरोप है कि जितेंद्र उसकी पत्नी पर गलत नजर रखता था। इसका विरोध करने पर उसने दोनों से अभद्रता व गाली गलौज की थी। जितेंद्र ने उसे मारने की धमकी भी दी थी। इसके बाद रणजीत ने जितेंद्र की हत्या की साजिश रची।
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अपराध
- फोटो : पीटीआई
इसके तहत 25 अक्तूबर को जितेंद्र को शराब पीने के लिए इंदिरापुरम की ग्रीन बेल्ट में बुला लिया। जितेंद्र अपनी मां किरणबाला से 250 रुपये लेकर बाहर चला गया। खोड़ा के ठेके से शराब लेकर वह ग्रीन बेल्ट में पहुंचा तो वहां रणजीत उसका इंतजार कर रहा था।
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गाजियाबाद पुलिस (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
दोनों के बीच पुराने विवाद को लेकर सुलह हो गई थी, लेकिन रणजीत उसे पहले ही रास्ते से हटाने की योजना बना चुका था। उसने जितेंद्र को ज्यादा शराब पिला दी।
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फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
ज्यादा नशे में होने की वजह से जितेंद्र पेड़ के नीचे लेट गया और रणजीत ने उसके सिर पर इंटरलॉकिंग टाइल से ताबड़तोड़ वार कर हत्या कर दी। ग्रीन बेल्ट में अंधेरे की वजह से उसे हत्या करते हुए कोई देख नहीं पाया।
तीन दिन तक ग्रीन वैली में पड़ा रहा गार्ड का शव
हत्या के बाद तीन दिन तक ग्रीन बेल्ट में गार्ड जितेंद्र का शव सड़ता रहा। शव में कीड़े पड़ गए और बदबू फैलने लगी थी। राहगीरों ने इसकी सूचना पुलिस को दी तो इंदिरापुरम पुलिस ने शव की पहचान कर पोस्टमार्टम कराया। रिपोर्ट में मौत की वजह सिर पर चोट लगना आया। शनिवार को पुलिस ने मृतक की मां किरनबाला की शिकायत पर पड़ोसी रणजीत के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया था।