फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

श्रीमती जी की इस बड़ी बचत ने उड़ाए पति के होश

Fri, 11 Nov 2016 03:35 PM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
1 of 8
indian rupee
एक ओर तमाम पति मोदी के फैसले की तारीफ करते नहीं थक रहे हैं। वहीं उनकी पत्नियां मोदी को कोसने में जुटी हैं। दोनों की वजह अलग-अलग हैं।
विज्ञापन

2 of 8
d
दरअसल वेतनभोगी से लेकर सीमित आय वाले पतियों को पता है कि उन्होंने कौन से 500 और हजार के नोट दबा रखे हैं। 
 
विज्ञापन

3 of 8
fg
पर जब पत्नियों ने घर खर्च के बजट से बचत के लाखों रुपये निकाले तो इन्हीं पतियों के होश उड़ गए। अब वह अपनी पत्नी की बचत को खाते में जमा करने की जुगत में लग गए हैं।
 

4 of 8
sdf
ऐसा ही एक रोचक वाकया सामने आया एक शख्स के साथ। उसने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि शाम को टीवी के सामने बैठकर चाय की चुस्कियां लेते हुए काले धन पर मोदी की सर्जिकल स्ट्राइक की खबर सुनकर मन ही मन काला धन रखने वालों की स्थिति पर मुस्कुरा रहा था। सोच रहा था कि अच्छा हुआ उसके पास बड़ी रकम नहीं है। अगर होती तो इस आदेश के बाद उसे एडजस्ट करने में पसीने छूट जाते। तभी उनकी पत्नी उनके पास आकर बोली, ‘सुनो जी’, ‘अरे सुनते हो।’ उसकी ओर बिना देखे पूछा बोलो जवाब मिला प्लीज कुछ नोट एक्सचेंज करवा लो।
 
विज्ञापन

5 of 8
लगा कि छोटी मोटी रकम होगी लिहाजा पूछा, कितना पैसा है? पत्नी का जवाब सुनकर होश ही उड़ गए। पत्नी ने हर महीने घर खर्च के नाम पर बीस हजार रुपये में से थोड़ी-थोड़ी रकम करके साढ़े आठ लाख रुपया जोड़ रखा था। पहले तो गुस्सा आया, फिर चिंता बढ़ गई कि इतनी बचत को अब एडजस्ट कैसे करेंगे।
 
विज्ञापन

6 of 8
रुपए
500 और 1000 के नोट बंद होने के बाद ऐसे तमाम मामले सामने आ रहे हैं, जहां पत्नियों ने लाखों रुपये घर की बचत से बचाकर रखे हुए हैं। हालांकि सरकार ने ऐसी महिलाओं को 2.50 लाख रुपये तक अपने खाते में जमा करने की छूट दे दी है। 
 
विज्ञापन

7 of 8
modi
सरकार के एक फैसले ने तमाम घरों और गृहिणियों को बड़ी राहत दी। गृहिणियों को अपने नाम से खाता खुलवाकर उसमें 2.50 लाख रुपये तक की बचत संजोकर रखने की छूट दे दी गई है।
 
विज्ञापन

8 of 8
लिहाजा, बड़ी संख्या में महिलाएं बृहस्पतिवार को बैंकों में अकाउंट खुलवाने पहुंची। पीएनबी के मंडल प्रबंधक अनिल कुमार खोसला ने बताया कि बड़ी संख्या में महिलाओं ने अपने खाते खुलवाए और उसमें पैसा जमा कराया। इससे निश्चित तौर पर महिलाओं और तमाम परिवारों को बड़ी राहत मिली है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें