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मांगने गए थे 'इंसाफ', पर मिली लाठियां डंडे, कइयों के फूटे सिर और बहा खून, देखिए तस्वीरें

Sun, 07 Oct 2018 12:35 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मतलौडा(पानीपत)
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कर्मियों पर लाठीचार्ज
इंसाफ मांग रहे थे, लेकिन बदले में लाठियां और डंडे खाने को मिले। जिस वजह से कईयों के सिर फूटे और खून बहा, तस्वीरों में देखिए क्या था मामला।
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कर्मियों पर लाठीचार्ज
हरियाणा में पानीपत जिले के मतलौडा में करीब ढाई हजार रोडवेज कर्मियों ने विरोध प्रदर्शन किया और बैरिकेड्स पार करके परिवहन मंत्री के आवास में घुसने की कोशिश की। इस दौरान उन्हें रोकने के लिए पुलिसकर्मियों ने लाठीचार्ज कर दिया। उनके ऊपर पानी की बौछारें की गईं। इसमें तीन कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गए।
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कर्मियों पर लाठीचार्ज
मामला परिवहन विभाग में प्राइवेट ट्रांसपोर्टरों की 720 बसें किलोमीटर स्कीम से ठेके पर लेने और एस्मा लगाने का है। इसका विरोध कर रहे कर्मियों को एसडीएम ने शांत किया और तालमेल कमेटी से ज्ञापन लेकर 11 से 14 अक्तूबर के बीच मुख्यमंत्री के साथ मीटिंग करवाने का आश्वासन दिया।

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कर्मियों पर लाठीचार्ज
अपनी मांगों को लेकर रोडवेज कर्मचारी मंत्री कृष्णलाल पंवार के मतलौडा स्थित आवास का घेराव करने सुबह ही पहुंच गए। जिले के चार थानों की पुलिस ने पहले से ही मंत्री के आवास की सुरक्षा कड़ी कर दी थी। जब लगभग 2500 रोडवेज कर्मचारी एकत्र होकर मंत्री के आवास की ओर बढ़ने लगे तो पुलिस ने 2500 मीटर पहले ही बैरिकेड्स लगाकर भीड़ को रोकने का प्रयास किया।

 
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कर्मियों पर लाठीचार्ज
ड्यूटी मजिस्ट्रेट एसडीएम विवेक चौधरी की ओर से चेतावनी भी दी गई, लेकिन कर्मचारियों की भीड़ ने बैरिकेड्स पार करने की कोशिश की। इसी पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। पुलिस ने कर्मचारियों को काबू करने के लिए पानी की बौछारों को भी सहारा लिया। लाठीचार्ज में तीन कर्मचारियों को गंभीर चोटें आईं।
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कर्मियों पर लाठीचार्ज
लाठीचार्ज देखते हुए कर्मचारी बैकफुट पर आए और एसडीएम से बात करने को राजी हो गए। एसडीएम चौधरी ने इस बारे में डीसी सुमेधा कटारिया से फोन पर बात की। डीसी ने इसकी सूचना परिवहन मंत्री और सीएम हाउस में दी। सीएम हाउस के अधिकारी पीएम मोदी की रैली के बाद कर्मचारियों की मीटिंग कराने को राजी हुए। करीब चार घंटे के प्रदर्शन के बाद कर्मचारी लौट गए।
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