फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Year Ender 2021: बैंक ग्राहकों के हितों के लिए आरबीआई ने उठाया ये कदम, जानिए क्या है नियम और आने वाले साल में आपको क्या होगा फायदा

Sat, 25 Dec 2021 01:24 PM IST
आशिकी पटेल यूटिलिटी डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 7
वर्ष समाप्ति 2021: भारतीय रिजर्व बैंक - फोटो : iStock
दिसंबर चल रहा है यानी साल का आखिरी महीना। इसके कुछ ही दिन बाद नया साल आ जाएगा। इस साल यानी 2021 में लोगों को कई बदलाव देखने को मिले। इनमें से कुछ बदलाव अच्छे तो कुछ बुरे भी थे। आने वाले नए साल में भी कई बदलाव होने वाले हैं, जिनका सीधा असर हमारी रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ने वाला है। ग्राहकों के डाटा को अधिक सुरक्षित बनाने के लिए साल 2021 में आरबीआई ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया था, जिसकी शुरुआत 1 जनवरी 2022 से हो जाएगी। नए नियम के तहत आने वाले साल की शुरुआत के साथ ही डेबिट और क्रेडिट कार्ड से पेमेंट के नियमों में भी बड़ा बदलाव हो जाएगा। अगले साल से डेबिट या क्रेडिट कार्ड से पेमेंट करने के लिए आरबीआई आपके कार्ड को एक टोकन नंबर देगी। उसी के जरिए ग्राहक पेमेंट कर पाएंगे। इसी कड़ी में आइए जानते हैं कि क्या है ये नया नियम और हमारी जिंदगी पर इसका क्या असर पड़ने वाला है?
विज्ञापन

2 of 7
वर्ष समाप्ति 2021: भारतीय रिजर्व बैंक - फोटो : Pixabay
क्या है टोकनाइजेशन?
  • पिछले कुछ सालों में ऑनलाइन शॉपिंग का चलन काफी तेजी से बढ़ा है। छोटी दुकान हो या शॉपिंग मॉल ज्यादातर लोग डेबिट और क्रेडिट कार्ड के जरिए ही पेमेंट करने लगे हैं। ऐसे में हम अपने कार्ड का डाटा किसी कंपनी या मर्चेंट को देते हैं और ये मर्चेंट या कंपनी हमारे डाटा को स्टोर कर लेती हैं। जिससे डाटा चोरी होने की संभावना बढ़ जाती है। ऐसे फ्रॉड को रोकने के लिए RBI ने एक नया नियम शुरू किया है, जिसमें वह किसी भी क्रेडिट या डेबिट कार्ड का एक टोकन नंबर देगी जिसे टोकनाइजेशन कहा जा रहा है। 

 
विज्ञापन

3 of 7
वर्ष समाप्ति 2021: भारतीय रिजर्व बैंक - फोटो : iStock
क्या है नया नियम ?
  • नए नियम के तहत 1 जनवरी 2022 से कोई भी कंपनी या मर्चेंट ग्राहकों के कार्ड की जानकारी जैसे कार्ड नंबर, एक्सपायरी डेट या सीवीवी को स्टोर नहीं कर पाएंगे। 

4 of 7
वर्ष समाप्ति 2021: भारतीय रिजर्व बैंक - फोटो : iStock
  • आरबीआई ने सभी कंपनियों से कह दिया है कि वे ग्राहकों को पहले से स्टोर डाटा डिलीट कर दें, ताकि ऑनलाइन ट्रांजेक्शन की सिक्योरिटी को बढ़ाया जा सके। 
विज्ञापन

5 of 7
वर्ष समाप्ति 2021: भारतीय रिजर्व बैंक - फोटो : Pixabay
  • आरबीआई ने वीजा, मास्टरकार्ड और रूपे कार्ड जारी करने वाले बैंक या कंपनी की तरफ से एक टोकन जारी करने की मंजूरी दी है, जिसे टोकनाइजेशन कहा जा रहा है। 
विज्ञापन

6 of 7
वर्ष समाप्ति 2021: भारतीय रिजर्व बैंक - फोटो : pexels.com
  • नए साल से आपको बिना डिटेल्स दिए पेमेंट करने के लिए टोकनाइजेशन के विकल्प को चुनना होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
वर्ष समाप्ति 2021: भारतीय रिजर्व बैंक - फोटो : pexels.com
  • इस तरह ग्राहकों के कार्ड की डिटेल्स मर्चेंट के पास स्टोर नहीं होंगी, जिससे डाटा चोरी होने और फ्रॉड की घटनाओं पर लगाम लगेगी।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें