एक समय था जब इंश्योरेंस यानी बीमा के बारे में ज्यादातर लोग जानते तक नहीं थे कि ये होता क्या है, लेकिन आज के समय में यह महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। यह भविष्य में किसी नुकसान की आशंका से निपटने का सबसे प्रभावी हथियार बन गया है। दरअसल, इंसान को तो पता नहीं होता कि उसके साथ कल क्या होगा, इसलिए लोग बीमा पॉलिसी के जरिये भविष्य में होने वाले नुकसान की भरपाई करने की कोशिश करते हैं। इंश्योरेंस के मामले में अक्सर दो टर्म का इस्तेमाल खूब होता है, 'सम एश्योर्ड' और 'सम इंश्योर्ड'। आपने भी इनके बारे में सुना होगा, लेकिन क्या आप दोनों में अंतर जानते हैं? बहुत से लोग इन दोनों टर्म को एक ही समझने की गलती कर बैठते हैं, जबकि ऐसा नहीं है। ये दोनों टर्म सुनने में भले ही एक जैसे लगें, लेकिन दोनों के अर्थ में काफी अंतर होता है। आइए जानते हैं इनके बारे में...